गहरा रहा है अविश्वास

भारत में कोरोना वायरस के टीके को लेकर अविश्वास गहरा रहा है। टीकाकरण के बाद दो लोगों की मौत से सारे देश में टीके पर सवाल उठने लगे हैँ। उत्तर प्रदेश और कर्नाटक में हुई मौतों का कारण टीका था या नहीं, यह दीगर बात है। लेकिन जो शक पैदा हुआ है, उसे अगर जल्द दूर नहीं किया गया, तो संकट गहरा सकता है। इस बीच कोवैक्सीन नाम का टीका बनाने वाली कंपनी भारत बायोटेक के इस बयान ने भी मामला उलझाया है कि टीका बीमार लोगों और गर्भवती महिलाओं को नहीं लगाया जाना चाहिए। ऐसे में सवाल उठ रहे हैं कि ऐसे में इस टीके को किसी को लगाना आखिर कितना सही है। केंद्र सरकार ने 18 जनवरी को टीकाकरण अभियान का आरंभ किया। लेकिन सरकार यह जानकारी नहीं दे रही है कि कितनों को सीरम इंस्टीट्यूट का कोविशील्ड टीका लगाया जा रहा है और कितने लोगों को भारत बायोटेक का कोवैक्सिन।

खबरों के मुताबिक केंद्र सरकार के अस्पतालों में सिर्फ कोवैक्सिन ही लगाया जा रहा है। लेकिन खुद स्वास्थ्य कर्मी इस टीके को लेकर संतुष्ट नहीं हैं। दिल्ली के राम मनोहर लोहिया अस्पताल के कई डॉक्टर लिखित रूप में यह कह चुके हैं कि वे ये टीका नहीं लगवाएंगें। इसी बीच लाखों लोगों को टीका लग जाने के बाद सोमवार को भारत बायोटेक ने कहा कि उसका टीका सबके लिए नहीं है। कंपनी ने अपनी वेबसाइट पर एक ‘फैक्ट-शीट’ जारी की, जिसमें बताया गया कि गर्भवती और स्तनपान कराने वाली महिलाओं को कोवैक्सिन नहीं लेना चाहिए। इसके अलावा जिन्हें कोई एलर्जी हो, बुखार हो, खून बहने से संबंधित कोई बीमारी हो, जिनकी इम्युनिटी कमजोर हो और इनके अलावा और कोई स्वास्थ्य संबंधी गंभीर शिकायत हो, उन्हें कोवैक्सिन नहीं दिया जाना चाहिए। तो सवाल है कि क्या यह जानकारी टीकाकरण शुरू करने से पहले सरकार के पास थी और क्या कोवैक्सिन देने के लिए अग्रिम पंक्ति के कर्मचारियों को चुनते समय इन बिंदुओं का ख्याल रखा गया था? सरकार ने अभी इस विषय में कुछ नहीं कहा है। सरकार ने बस इतना कहा है कि सोमवार तक टीका लगे लोगों के बीच सिर्फ 580 लोगों में कुछ दुष्प्रभाव देखे गए, लेकिन कोई भी मामला गंभीर नहीं है। जबकि मीडिया रिपोर्टों में बताया गया है कि टीका लगने के बाद सात लोग अस्पताल में भर्ती हैं। दो लोगों की मौत भी हो गई, हालांकि अधिकारियों का कहना है कि उनकी मौत का टीके से कोई संबंध नहीं है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Shares