ताजा पोस्ट | देश | हरियाणा

Corona संक्रमित हुए Ram Rahim से अस्पताल मिलने पहुंची हनीप्रीत, देखभाल के लिए बनवाया अटेंडेंट कार्ड

नई दिल्ली । रेप के मामले में आरोपी डेरा सच्चा प्रमुख गुरमीत राम रहीम Gurmeet Ram Rahim) को कोरोना संक्रमित पाया जाने के बाद गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल में भर्ती करवाया गया है। राम रहीम के अस्पताल में भर्ती होने की खबर मिलते ही उसकी मुंहबोली बेटी हनीप्रीत (Honeypreet) उससे मिलने आज सुबह अस्पताल पहुंची। खबरों के मुताबिक, राम रहीम अस्पताल में भर्ती होने के बाद भी दवाई लेने और टेस्ट करवाने में आनाकानी कर रहा है। इससे पहले राम रहीम (Ram Rahim) ने 3 जून को पेट दर्द की शिकायत पर रोहतक में पीजीआई अस्पताल में लाया गया था, तब भी राम रहीम ने कोविड टेस्ट कराने से मना कर दिया था।

ये भी पढ़ें:- Dilip Kumar की सोशल मीडिया पर मौत की खबरों पर सायरा बानो ने लगाया विराम, कहा- हालात स्थिर, न दें अफवाहों पर ध्यान

 हनीप्रीत को मिला देखभाल के लिए अटेंडेंट कार्ड
जानकारी में सामने आया है कि हनीप्रीत ने राम रहीम के पास जाने के लिए अपना अटेंडेंट के रूप में कार्ड बनवाया है। अब हनीप्रीत राम रहीम से मिलने उसके कमरे में जा सकती है। हनीप्रीत को राम रहीम की देखभाल के लिए 15 जून तक अटेंडेंट के रूप में यह कार्ड दिया गया है।

ये भी पढ़ें:- देश में लगातार घट रहे COVID मरीज, 24 घंटों में सामने आये सिर्फ इतने नए मामले, Lockdown की बंदिशों से जनता को मिलने लगी राहत

काट रहा है 20 साल की सजा
मेदांता प्रबंधन के अनुसार, राम रहीम को रविवार को अस्पताल में भर्ती कराया गया, डाॅक्टरों ने जांच के बाद उसे कोरोना संक्रमित पाया। जिसके बाद उसे अस्पताल में भर्ती कर दिया गया है। अब हार्ट और पेट की जांच रिपोर्ट आने के बाद उसका उपचार किया जाएगा। बता दें कि राम रहीम पर रेप और हत्या का आरोप है और वह रोहतक जेल में 20 साल की सजा काट रहा है।

Leave a comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

देश | उत्तर प्रदेश | ताजा पोस्ट

मरीजों पर मॉक ड्रिल, अस्पताल को क्लीन चिट

नई दिल्ली। उत्तर प्रदेश के आगरा में कोरोना मरीजों पर मॉक ड्रिल करके उनकी जान लेने के आरोपी अस्पताल को राज्य सरकार ने क्लीन चिट दे दी है। जांच में कहा गया है कि ज्यादातर मरीज दूसरी गंभीर बीमारी से ग्रसित थे और इसी वजह से उनकी मौत हुई थी। कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी ने इसे लेकर राज्य सरकार पर तीखा हमला किया है और कहा है कि सरकार ने भी मॉक ड्रिल की है।

गौरतलब है कि आगरा में एक निजी अस्पताल में ऑक्सीजन मॉक ड्रिल के दौरान कई मरीजों की मौत होने के आरोप लगे थे। इस अस्पताल के मालिक का एक ऑडियो भी वायरल हुआ था, जिसमें वो कथित रूप से कहते हैं कि 27 अप्रैल को उन्होंने पांच मिनट के लिए ऑक्सीजन सप्लाई बंद कर दी थी। इस घटना की जानकारी सामने आने के बाद सरकार ने आगरा के श्री पारस अस्पताल में 16 मरीजों की मौत की जांच के आदेश दिए थे।

जांच रिपोर्ट में अस्पताल को क्लीन चिट देते हुए कहा गया है मॉक ड्रिल की वजह से मरीजों की मौत नहीं हुई थी। जांचकर्ताओं की एक कमेटी ने अपनी रिपोर्ट में कहा है- सभी मरीजों की मौत गंभीर हालत या गंभीर कोमोर्बिडिटी यानी पहले से किसी बीमारी की वजह से हुई है। इसे लेकर कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने राज्य सरकार पर तीखा हमला किया। उन्होंने कहा कि सरकार ने मरीजों के परिजनों की गुहार को अनसुना कर दिया और न्याय की उम्मीद खत्म कर दी। उन्होंने ट्विट किया- विडंबना देखिए। खबरों के अनुसार, आगरा में अस्पताल ने मरीजों की ऑक्सीजन बंद करके मॉकड्रिल की और भाजपा सरकार ने क्लीन चिट देकर जांच की मॉकड्रिल कर दी। सरकार और अस्पतालः दोनों का रास्ता साफ।

Leave a comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *