नई दिल्ली। दो राज्यों और एक केंद्र शासित प्रदेश में गुरुवार, नौ अप्रैल को मतदान होगा। इसके लिए मंगलवार की शाम पांच बजे प्रचार समाप्त हो गया। केरल की 140, असम की 126 और पुडुचेरी की 30 सीटों के लिए गुरुवार को एक चरण में ही मतदान होना है। तीनों राज्यों में मंगलवार की शाम को प्रचार का शोर थम गया। अब सभी पार्टियों के उम्मीदवार घर घर जाकर प्रचार कर रहे हैं। तीनों राज्यों में वोटों की गिनती चार मई को होगी।
असम में 126 सीटों के लिए कुल 722 उम्मीदवार मैदान में हैं। राज्य में बहुमत का आंकड़ा 64 का है। भारतीय जनता पार्टी जीत की हैट्रिक लगाने के लिए चुनाव लड़ रही है। प्रचार के आखिरी दिन सभी पार्टियों के दिग्गज नेताओं ने प्रचार में पूरा जोर लगाया। राज्य में कुल ढाई करोड़ करोड़ मतदाता हैं, जिनमें पुरुष और महिला मतदाताओं की संख्या बराबर है। 18 से 19 वर्ष के 5.75 लाख युवा पहली बार अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे। राज्य की 15वीं विधानसभा का कार्यकाल 20 मई 2026 को समाप्त हो रहा है।
उधर केरल की 140 सीटों पर 890 उम्मीदवार मैदान में हैं। वहां भी सीपीएम के नेतृत्व वाला गठबंधन एलडीएफ जीत की हैट्रिक बनाने के लिए लड़ रहा है और कांग्रेस के नेतृत्व वाला यूडीएफ उसे कड़ी टक्कर दे रहा है। भाजपा मुकाबले को त्रिकोणीय बना रही है लेकिन उसके लिए ज्यादा संभावना नहीं दिख रही है। राज्य में बहुमत का आंकड़ा 71 सीट का है। राज्य में कुल 2.71 करोड़ मतदाता हैं। केरल में महिला मतदाताओं की संख्या 1.39 करोड़ है, जो पुरुषों से सात लाख ज्यादा है। पुडुचेरी में 30 सीटों पर गुरुवार को वोट डाले जाएंगे। सरकार बनाने के लिए 16 सीटों का बहुमत जरूरी है। वहां कुल 9.44 लाख मतदाता हैं। वहां पांच महिला मतदाता हैं, जिनकी संख्या पुरुषों के मुकाबरे 57 हजार ज्यादा है।
