नई दिल्ली। फ्रांस में पिछले कई दिन से हो रहे दंगे और भड़क गए हैं। राजधानी पेरिस से लेकर दूर दराज के शहरों में भी हिंसा फैल गई है। फ्रांस की पुलिस के मुताबिक रविवार तक करीब दो हजार लोगों को गिरफ्तार किया गया है। इस बीच अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और उप राष्ट्रपति जेडी वेंस ने फ्रांस के हालात पर बड़ा बयान दिया है। ट्रंप और वेंस दोनों ने कहा है कि प्रवासियों के कारण फ्रांस के ऐसे हालात हैं। दोनों ने फ्रांस को सीमा बंद करने को कहा है।
राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप ने फ्रांस से अपनी सीमाएं बंद करने की अपील की है और कहा है कि यह सब कुछ प्रवासियों के कारण हो रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि दूसरी दुनिया से आए लोगों के मन सिर्फ नफरत भरी है। ट्रुथ सोशल पर एक पोस्ट में ट्रंप ने लिखा, ‘फ्रांस जल रहा है। एक बिल्कुल अलग दुनिया से आए लोगों के आप्रवासन ने, जिसके दिलों में नफरत भरी है, इस कभी महान रहे देश को तबाह कर दिया है। बहुत देर होने से पहले अपनी सीमाएं बंद करें और नियंत्रण अपने हाथ में लें’।
गौरतलब है कि फ्रांस में बड़े पैमाने पर विरोध, प्रदर्शन चल रहे हैं। कहा जा रहा है कि बढ़ती महंगाई के खिलाफ प्रदर्शन हुए हैं। लेकिन ज्यादातर जगहों पर प्रवासी इस हिंसा में शामिल हैं। इस प्रदर्शन में पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच झड़पें हुईं, बड़े पैमाने पर लूटपाट हुई और आगजनी की घटनाएं सामने आईं। फ्रांस के गृह मंत्रालय के अनुसार, इन प्रदर्शनों में साढ़े पांच लाख के करीब लोग शामिल हुए। प्रदर्शनकारी दुकानें लूट रहे हैं और उसमें आग लगा रहे हैं।
अमेरिका के उप राष्ट्रपति जेडी वेंस ने भी इसके लिए आव्रजन को जिम्मेदार ठहराया और कहा कि फ्रांस और अन्य पश्चिमी देश, लोगों को समाज में शामिल करने और उनके बीच तालमेल बिठाने के मुद्दे को सुलझाने में विफल रहे हैं। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट में वेंस ने कहा, ‘पश्चिमी उदारवादियों ने विविधता और करुणा के नाम पर ‘तीसरी दुनिया’ के लोगों को फ्रांस और अन्य देशों में लाकर बसा दिया। उन्होंने समाज में घुलने मिलने और तालमेल बिठाने जैसे बुनियादी सवालों को पूरी तरह नजरअंदाज कर दिया’।
