भोपाल। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी गुरुवार को मध्य प्रदेश पहुंचे, जहां उन्होंने बालाघाट के जगला गांव में बैगा आदिवासियों से मुलाकात की। असल में पिछले कुछ समय से इस इलाके में बड़ी संख्या में बच्चों की मौत हुई है। इस खबर के आधार पर ही राहुल गांधी बैगा आदिवासी परिवारों से मिलने पहुंचे थे। उन्होंने बीमारी से जान गंवाने वाले बच्चों के परिवारों से मिलने के बाद कहा कि आदिवासी इस देश के पहले मालिक हैं।
राहुल ने कहा कि आदिवासी देश के पहले मालिक हैं, उन्हें उनका हक मिलना चाहिए। इसके साथ ही उन्होंने दावा किया कि मध्य प्रदेश में ऐसा नहीं हो रहा है। राहुल ने कहा कि केंद्र और राज्य की सरकार ने आदिवासियों को बेसहारा छोड़ दिया है। उन्होंने कहा कि बीमारी से निपटने में राज्य सरकार पूरी तरह फेल रही है और वे यह मुद्दा लोकसभा में उठाएंगे।
इससे पहले राहुल गांधी के आने की खबर के बाद उनसे मिलने आसपास के गांवों से करीब डेढ़ हजार लोग पहुंचे थे। राहुल ने माटे प्राथमिक शासकीय स्कूल में बच्चों से मिड डे मील के बारे में भी जानकारी ली। गौरतलब है कि बालाघाट जिले में पिछले तीन महीने में कुपोषण और मलेरिया से 32 आदिवासी बच्चों की मौत हुई है। कांग्रेस यह भी दावा कर रही है कि मौतों की संख्या ज्यादा है, लेकिन सरकार उसकी जानकारी नहीं दे रही है। बहरहाल, राहुल ने कहा कि आदिवासी इलाकों में कई बच्चों की मौत बीमारी और कुपोषण की वजह से हुई है। उन्होंने कहा, ‘ऐसा लगता है जैसे आदिवासियों को भारत के बीचों बीच अकेला छोड़ दिया गया हो, मानो उनके लिए न तो केंद्र सरकार है और न ही मध्य प्रदेश सरकार’। उन्होंने यह भी कहा कि मनरेगा ठप है, वन अधिकार कानून लागू नहीं हो रहा और आदिवासियों को जमीन के पट्टे नहीं मिल रहे हैं।
