नई दिल्ली। सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक को अस्पताल से छुट्टी मिल गई है। पेपर लीक के खिलाफ 26 दिन तक भूख हड़ताल करने के बाद उन्होंने मेदांता अस्पताल में दो केंद्रीय मंत्रियों की मौजूदगी में भूख हड़ताल खत्म की थी। अस्पताल से निकलने के बाद वे महात्मा गांधी की समाधि राजघाट पहुंचे और उन्हें श्रद्धांजलि दी। इसके बाद वे लद्दाख लौट जाएंगे।
सोनम वांगचुक ने कहा, ‘पिछले पांच-छह सालों से हम लद्दाख में गांधीजी के अहिंसक तरीके को अपनाते आ रहे हैं और हमें यह बहुत प्रभावी लगा। हालांकि मुझे संदेह था कि क्या यह तरीका राष्ट्रीय स्तर पर भी काम करेगा। लेकिन इस आंदोलन ने मेरा भरोसा और मजबूत किया कि गांधीजी का रास्ता आज भी पूरे देश में उतना ही असरदार है और आने वाले कई सालों तक रहेगा’।
