बांग्लादेश के कारण भारत को बहुत शर्मिंदा होना पड़ा है। हालांकि इसमें कुछ गलती राष्ट्रपति भवन के अधिकारियों की भी रही, जिन्होंने बिना पूरी पड़ताल किए मीडिया को विजप्ति जारी कर दी। राष्ट्रपति भवन की ओर से जारी प्रेस बयान में कहा गया कि रविवार को होने वाला चेंज ऑफ गार्ड कार्यक्रम नहीं होगा क्योंकि बांग्लादेश के प्रधानमंत्री के स्वागत के लिए फुल ड्रेस रिहर्सल होने वाली है। हालांकि एक घंटे के भीतर ही यह बयान वापस लेना पड़ा क्योंकि बांग्लादेश के प्रधानमंत्री तारिक रहमान की भारत यात्रा तय नहीं हुई।
सोचें, बांग्लादेश का प्रधानमंत्री पारंपरिक रूप से शपथ लेने के बाद सबसे पहले भारत की यात्रा करता है। लेकिन तारिक रहमान पहले चीन चले गए। उसके बाद भी उनका प्रशासन भारत के साथ चूहे बिल्ली का खेल खेल रहा है। प्रधानमंत्री तारिक रहमान की भारत यात्रा का कार्यक्रम तय हो गया था। लेकिन ऐन मौके पर उनकी सरकार ने इसे रोक दिया। कहा जा रहा कि शेख हसीना को लेकर बांग्लादेश कोई मोलभाव करना चाहता है। लेकिन भारत कह चुका है यह फैसला अदालत में होगा। जो हो राष्ट्रपति भवन की शर्मिंदगी पूरे देश की है लेकिन विदेश मंत्री से लेकर मंत्रालय के किसी अधिकारी पर इसके लिए कोई कार्रवाई होती नहीं दिख रही है।
