जम्मू कश्मीर के उप राज्यपाल मनोज सिन्हा छुट्टी पर हैं। वे अमेरिका गए हैं, जहां उनको बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी यानी बीएचयू की आईआईटी के पुराने छात्रों के एक कार्यक्रम को संबोधित करना है। उनके और भी कार्यक्रम हैं। उनके छुट्टी पर जाने के बाद लद्दाख के उप राज्यपाल विनय कुमार सक्सेना को जम्मू कश्मीर का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है। ध्यान रहे उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदी बेन पटेल भी छुट्टी पर गईं लेकिन उनका प्रभार किसी को नहीं दिया गया। हालांकि वहां भी बदलाव की चर्चा है। बहरहाल, सवाल है कि मनोज सिन्हा लौट कर फिर जम्मू कश्मीर के उप राज्यपाल की जिम्मेदारी संभालेंगे या उनको कोई औऱ भूमिका मिलने वाली है?
गौरतलब है कि उत्तर प्रदेश में विधानसभा का चुनाव होने वाला और उससे पहले भाजपा सामाजिक समीकरण दुरुस्त करने में लगी है। ऊपर से मनोज सिन्हा को बतौर उप राज्यपाल काम करते हुए छह साल हो गए है। पिछले साल ही जब उनके पांच साल पूरे हो रहे थे तभी उनके वहां से हटने और दिल्ली आकर केंद्र सरकार में मंत्री बनने की चर्चा थी। नवंबर में उत्तर प्रदेश में राज्यसभा की 10 सीटों के चुनाव भी हैं। तभी चर्चा है कि वे केंद्र में मंत्री बनेंगे और राज्यसभा में जाएंगे। यह भी कहा जा रहा है कि विनय कुमार सक्सेना को जम्मू कश्मीर का पूरा चार्ज मिल जाएगा। पिछले दिनों प्रधानमंत्री से उनकी मुलाकात के बाद इसकी चर्चा तेज हुई। कहा जा रहा है कि लद्दाख के सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक उनकी पैरवी कर रहे हैं।
