जदयू राष्ट्रीय दर्जे के लिए लड़ रही है

जनता दल यू आखिर क्यों झारखंड में चुनाव लड़ रही है और दिल्ली में चुनाव लड़ने की तैयारी कर रही है? यह सवाल कई लोगों को हैरान कर रहा है। पटना में यह सवाल ज्यादा पूछा जा रहा है कि जब बिहार में भाजपा और जदयू साथ मिल कर सरकार चला रहे हैं और साथ मिल कर लड़ने का फैसला कर लिया है, अमित शाह ने नीतीश कुमार के चेहरे पर ही चुनाव लड़ने की ऐलान कर दिया है तो फिर झारखंड व दिल्ली में क्यों पार्टी चुनाव लड़ रही है। इसका जवाब यह है कि नीतीश कुमार किसी तरह से जदयू को राष्ट्रीय पार्टी का दर्जा दिलाना चाह रहे हैं। इसके लिए उनको एक निश्चित मात्रा में वोट प्रतिशत चाहिए।

दूसरे, दिल्ली में जदयू के चुनाव लड़ने से भाजपा को ही फायदा होना है। जदयू के उम्मीदवार ज्यादातर प्रवासी होंगे और प्रवासियों के ही वोट ले पाएंगे। नीतीश के प्रचार से प्रवासी वोट में बिखराव हो सकता है। ध्यान रहे यह अरविंद केजरीवाल की पार्टी आप का कोर वोट है। पहले यह वोट कांग्रेस के साथ था, जो अब आप के साथ है। अगर जदयू इसमें सेंध लगाती है तो इसका सीधा फायदा भाजपा को होगा। भाजपा पिछले कई चुनावों से 30-32 फीसदी के अपने वोट बैंक को बचाए हुए है। झारखंड में जरूर जदयू के लड़ने से भाजपा के कोर वोट का नुकसान हो सकता है। पर वहां भी मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने अपनी स्थिति साफ कर दी है। उन्होंने कहा है कि वे प्रचार के लिए नहीं जाएंगे। जाहिर है उनका मकसद सिर्फ चुनाव लड़ना है, जीतना-हारना नहीं है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Shares