ममता ने हिंदुओं को खुश करना शुरू किया

पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने भाजपा को रोकने की कई आयाम वाली रणनीति पर काम करना शुरू कर दिया है। इसमें एक आयाम भाषायी और बांग्ला अस्मिता का है तो दूसरा आयाम हिंदुओं को खुश करने का भी है। पहले लेफ्ट और फिर तृणमूल कांग्रेस के शासन में जिस पश्चिम बंगाल में हिंदुओं को पूजा पंडाल लगाने और मूर्ति विसर्जन के लिए मंजूरी मिलने में दिक्कत होती थी वहां राज्य सरकार ने हिंदू त्योहारों के मौके पर पहले के मुकाबले ज्यादा छुट्टियां देनी शुरू कर दी हैं। ध्यान रहे राज्य में अगले साल मई में विधानसभा के चुनाव होने वाले हैं उससे ठीक एक साल पहले राज्य सरकार ने हिंदुओं को रिझाने की कवायद तेज कर दी है।

राज्य सरकार ने हिंदू त्योहारों पर मिलने वाली छुट्टियों की संख्या दोगुनी कर दी है। राज्य सरकार से मिली जानकारी के मुताबिक अक्टूबर का लगभग आधा महीना छुट्टियों वाला रहने वाला है। सरकार दशहरा की लंबी छुट्टी दे रही है तो साथ ही और भी त्योहारों की छुट्टियां बढ़ा रही है। जैसे बिहार और पूर्वी उत्तर प्रदेश के लोगों का ध्यान रखते हुए सरकार वे छठ की छुट्टियां एक दिन की बजाय दो दिन की करने का फैसला किया है। इसी तरह बंगाल में होने वाले रक्षाबंधन की छुट्टी भी एक की बजाय दो दिन की होगी। राज्य सरकार ने होली की छुट्टी भी बढ़ा कर एक की बजाय दो दिन की करने का ऐलान किया है। असल में ममता सरकार के ऊपर सबसे ज्यादा हिंदुओं की अनदेखी करने और मुस्लिम तुष्टीकरण के आरोप लगे हैं। अब ममता को लग रहा है कि नागरिकता कानून के मसले पर ध्रुवीकरण हो सकता है। इसलिए उन्होंने हिंदुओं को खुश करने का प्रयास तेज कर दिया है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Shares