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मिलेनियम सिटी मैराथन में जीत की हैट्रिक लगाना चाहते है जीतेंद्र

गुरुग्राम। दिल्ली के नांगलोई के 23 साल के शारीरिक शिक्षा छात्र जीतेंद्र यादव रविवार को यहां सिकंदरपुर और गोल्फ कोर्स अंडरपास रूट पर आयोजित होने वाली पांचवीं अपोलो टायर्स मिलेनियम सिटी मैराथन में जीत की हैट्रिक लगाना चाहेंगे जबकि महिला वर्ग में लद्दाख की धाविका सेतान डोल्कर बाकी सभी महिलाओं के लिए चुनौती साबित हो सकती हैं।

इस मैराथन में करीब 2500 धावक हिस्सा लेंगे। यह संख्या बीते संस्करण से 26 फीसदी अधिक है। ये धावक मैराथन, हाफ मैराथन और 10के स्पीड चैलेंज में हिस्सा लेंगे जबकि हजारों लोग पांच किलोमीटर की जॉय ऑफ रनिंग में शिरकत करेंगे। सभी रेस को साइबर हब से फ्लैग ऑफ किया जाएगा।

मैराथन और हाफ मैराथन कटेगरी में धावक सेक्टर 54 तक जाएंगे और फिर सेक्टर 42-43 के रास्ते होते हुए यू-टर्न लेंगे। गुरुग्राम में इस इवेंट का आयोजन कर रही टाबोनो स्पोर्ट्स एंव इवेंट्स प्राइवेट लिमिटेड के संस्थापक और रेस निदेशक अभिषेक मिश्रा ने कहा, “हमें खुशी है कि यह रूट एसोसिएशन ऑफ इंटरनेशनल मैराथंस एंड डिस्टेंस रेसेज (एआईएमएस) द्वारा प्रमाणित है और साथ ही खास बात यह है कि यह इवेंट भारतीय एथलेटिक्स महासंघ द्वारा मान्यता प्राप्त चुनिंदा इवेंट्स में से एक है।

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हम तेजी से विकास कर रहे हैं और समय के साथ परिवर्तन भी कर रहे हैं।” मिश्रा ने कहा कि इस मैराथन की सफलता का एक प्रतीक यह भी है कि इसमें महिला धावकों की संख्या लगातार बढ़ रही है। उन्होंने कहा कि दो साल पहले मैराथन और हाफ मैराथन कटेगरी में सिर्फ पांच-पांच रनर्स दौड़ी थीं। बीते साल यह संख्या 11 और 20 पहुंच गई थी। इस बार 25 महिलाएं मैराथन और करीब 120 महिलाएं हाफ मैराथन कटेगरी में दौड़ रही हैं।

जीतेंद्र यादव ने पहली बार इस इवेंट में 2016 में हिस्सा लिया था और 2.44.04 घंटे समय के साथ तीसरे स्थान पर रहे थे। इसके बाद जीतेंद्र ने इसके बाद के दो एडिशंस में जीत हासिल की थी। जीतेंद्र ने कहा, “ऊंचाई पर दौड़ते हुए शरीर पर अधिक दबाव पड़ता है और इसी कारण मैं वहां सावधान रहूंगा।” रनिंग इवेंट्स में हिस्सा लेकर जीती गयी पुरस्कार राशि से अपनी पढ़ाई जारी रखने वाले जीतेंद्र ने कहा है कि भारत के टॉप मैराथन धावक टी. गोपी और महिला वर्ग में राष्ट्रीय रिकार्डधारी ओपी जैयशा उनके लिए प्रेरणास्रोत रहे हैं।

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डोल्कर ने इस इवेंट में 2016 में पहली बार हिस्सा लिया था और दूसरे स्थान पर रही थीं। वह इस इवेंट का इवेंट रिकार्ड (3.22.18 घंटा) स्थापित करने वाली अपनी दोस्त जिग्मेत डोल्मा से चार सेकेंड पीछे रह गई थीँ। सेतान इस साल अपनी साथी के साथ नहीं दौड़ पाएंगी क्योंकि जिग्मेत इस साल नेपाल में आयोजित होने वाले दक्षिण एशियाई खेलों में हिस्सा ले रही हैं।लुधियाना की अमनदीप कौर एक अन्य ऐसी धाविका हैं जो एमसीएम खिताब की हैट्रिक पूरी करना चाहेंगी।

कौर ने 10के स्पीड चैलेंड 2017 में जीता था। उनका समय 40 मिनट 10 सेकेंड रहा था और फिर अगले साल 43.43 मिनट समय के साथ कौर ने एक बार फिर यह खिताब जीता। अंजू चौधरी ने 2017 में 10के कटेगरी का खिताब जीता था और फिर बीते साल भी पोडियम फिनिश किया था। वह भी इस साल अपनी दावेदारी पेश करेंगी। सबसे तेज एमेच्योर धाविकाओं में से एक शैलजा सिंह श्रीधर ने हाल ही में न्यूयार्क मैराथन में 3.20.00 घंटे का समय निकाला था। वह भी इस साल एमसीएम में हिस्सा ले रही हैं। वह इवेंट के ब्रांड एम्बेसेडर मिलिंद सोमन के साथ हिस्सा लेंगी।

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