• [EDITED BY : Editorial Team] PUBLISH DATE: ; 01 July, 2019 07:04 AM | Total Read Count 135
  • Tweet
एक राष्ट्र, एक कार्ड

केंद्र सरकार ने साल भर के भीतर एक राष्ट्र, एक राशन कार्ड योजना लागू करने का फैसला किया है। उपभोक्ता मामलों के मंत्रालय के अनुसार इंटीग्रेटेड मैनेजमेंट आफ पीडीएस (आईएमपीडीएस) के तहत कई राज्यों में खाद्य और सार्वजनिक वितरण प्रणाली के दायरे में शामिल लाभार्थी किसी भी जिले से राशन खरीद सकते हैं। आईएमपीडीएस फिलहाल आंध्र प्रदेश, गुजरात, हरियाणा, झारखंड, कर्नाटक, केरल, महाराष्ट्र, राजस्थान, तेलंगाना और त्रिपुरा में लागू है। बाकी राज्यों ने भी शीघ्र इस प्रणाली को लागू करने का भरोसा दिया है। योजना को अमली जामा पहनाने लिए तमाम पीडीएस दुकानों पर प्वाइंट आफ सेल यानी पीओएस मशीनों का उपलब्ध होना अनिवार्य है। आंध्र प्रदेश, हरियाणा समेत कई राज्यों में तमाम राशन दुकानों पर पीओएस मशीनें उपलब्ध हो गई हैं। केंद्र की दलील है कि इस योजना के लागू होने के बाद उपभोक्ता किसी दूसरे राज्य के किसी भी राशन दुकान से रियायती दरों पर अनाज उठा सकते हैं। इस सुविधा से रोजी-रोटी और नौकरियों के लिए शहरों की ओर पलायन करने वाले उपभोक्ताओं को सबसे ज्यादा फायदा मिल सकेगा। इस योजना के बाद उपभोक्ताओं को किसी एक दुकान से बांध कर नहीं रखा जा सकेगा। दावा किया गया है कि इससे राशन दुकानदारों की मनमानी और चोरी को बंद करने में मदद मिलेगी। लेकिन क्या इस योजना को लागू करना उतना ही आसान होगा जितना केंद्र सरकार दावा कर रही है? कई सामाजिक संगठनों ने इस पर संदेह जताया है। उनके मुताबिक योजना कागज पर तो अच्छी है, लेकिन इसे लागू करने में कई व्यावहारिक दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है। इसके लिए बड़े पैमाने पर राशन कार्डों को डिजिटल स्वरूप देना होगा। कई राज्य इस मामले में काफी पिछड़े हैं। इसके अलावा पीडीएस से जुड़े दुकानदार भी इस मामले में अड़ंगा लगा सकते हैं। सरकार को इस योजना को लागू करने के लिए एक ठोस निगरानी तंत्र की स्थापना करनी होगी। अगर राशन दुकान मालिकों के भ्रष्टाचार पर अंकुश नहीं लग सका, तो इस योजना का मकसद पूरा नहीं होगा। दरअसल, पीडीएस में भ्रष्टाचार की जड़ें काफी गहरी हैं। राशन कार्ड के पोर्टेबल होने के बावजूद दुकानदारों की मनमानी पर अंकुश लगाने की राह में राजनीति समेत कई बाधाएं हैं। सरकार के एक राष्ट्र, एक राशन कार्ड योजना लागू करने से पहले इन पहलुओं को भी ध्यान में रखना होगा। अगर ऐसा करना संभव हुआ तो ये योजना जरूर कामयाब हो सकती है।

नीचे नजर आ रहे कॉमेंट अपने आप साइट पर लाइव हो रहे है। हमने फिल्टर लगा रखे है ताकि कोई आपत्तिजनक शब्द, कॉमेंट लाइव न हो पाए। यदि ऐसा कोई कॉमेंट- टिप्पणी लाइव हुई और लगी हुई है जिसमें अर्नगल और आपत्तिजनक बात लगती है, गाली या गंदी-अभर्द भाषा है या व्यक्तिगत आक्षेप है तो उस कॉमेंट के साथ लगे ‘ आपत्तिजनक’ लिंक पर क्लिक करें। उसके बाद आपत्ति का कारण चुने और सबमिट करें। हम उस पर कार्रवाई करते उसे जल्द से जल्द हटा देगें। अपनी टिप्पणी खोजने के लिए अपने कीबोर्ड पर एकसाथ crtl और F दबाएं व अपना नाम टाइप करें।

आपका कॉमेट लाइव होते ही इसकी सूचना ईमेल से आपको जाएगी।

Categories