• [EDITED BY : News Desk] PUBLISH DATE: ; 10 July, 2019 10:56 PM | Total Read Count 111
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कर्नाटक में संकट बढा, बागी विधायक सुप्रीम कोर्ट पहुंचे

नई दिल्ली। कर्नाटक में पिछले करीब एक हफ्ते से चल रहा सियासी संकट अब सुप्रीम कोर्ट में पहुंच गया है। कांग्रेस और जेडीएस से बगावत करके इस्तीफा देने वाले 14 विधायकों में से दस विधायक सुप्रीम कोर्ट पहुंचे हैं। उन्होंने विधानसभा अध्यक्ष के ऊपर जान बूझकर उनका इस्तीफा नहीं स्वीकार करने का आरोप लगाया है। चीफ जस्टिस रंजन गोगोई की अध्य़क्षता वाली बेंच इस मामले की गुरुवार को सुनवाई कर सकती है।

चीफ जस्टिस रंजन गोगोई, जस्टिस दीपक गुप्ता और जस्टिस अनिरूद्ध बोस की पीठ के सामने वरिष्ठ अधिवक्ता मुकुल रोहतगी ने बुधवार को इन विधायकों की याचिका का जिक्र किया और इसे जल्दी सूचीबद्ध करने का अनुरोध किया। पीठ ने मुकुल रोहतगी को भरोसा दिलाया कि वह इस पर विचार करेगी कि क्या जल्दी सुनवाई के लिए यह याचिका गुरुवार को सूचीबद्ध की जा सकती है। 

रोहतगी ने अदालत में कहा कि ये विधायक पहले ही विधानसभा की सदस्यता से इस्तीफा दे चुके हैं और अब नए सिरे से चुनाव लड़ना चाहते हैं। उन्होंने इस याचिका पर बुधवार या गुरुवार को सुनवाई करने का अनुरोध किया। इसमें आरोप लगाया गया है कि विधानसभा अध्यक्ष ने पक्षपातपूर्ण तरीके से कार्रवाई की है और जान बूझकर उनके इस्तीफे स्वीकार नहीं किए हैं। गौरतलब है कि विधानसभा के अध्यक्ष ने मंगलवार को कहा था कि 14 बागी विधायकों में से नौ के इस्तीफे सही नहीं थे। 

दूसरी ओर कांग्रेस ने इस मामले में अध्यक्ष रमेश कुमार से दखल देने और इन विधायकों को अयोग्य करार देने का अनुरोध किया है। कांग्रेस ने भाजपा पर आरोप लगाया है कि वह उसके सदस्यों को धन का लालच दे रही है। हालांकि, भाजपा ने इस तरह के आरोपों से इनकार किया है। कर्नाटक विधानसभा में कांग्रेस के दस और जेडीएस के तीन विधायकों ने छह जुलाई को सदन की सदस्यता से अपना इस्तीफा विधानसभा अध्यक्ष के कार्यालय को सौंपा था। अगर इन विधायकों का इस्तीफा स्वीकार होता है तो राज्य की कांग्रेस और जेडीएस सरकार अल्पमत में आ जाएगी।

कर्नाटक में सत्तारूढ़ गठबंधन में 116 सदस्य हैं। अध्यक्ष के अलावा इनमें कांग्रेस के 78, जेडीएस के 37 और बसपा का एक सदस्य शामिल हैं। अगर इन 14 बागी विधायकों का इस्तीफा स्वीकार हो जाता है कि गठबंधन के सदस्यों की संख्या घट कर 102 हो जाएगी। दूसरी ओर भाजपा के विधायकों की संख्या 105 है। 

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