निर्वाचन आयोग पर सवाल

लोक सभा चुनाव के दौरान निर्वाचन आयोग की साख में गहरी सेंध लगी थी। ऐसी धारणा बनी थी कि कभी अपने निष्पक्ष और निर्भय रुख के लिए चर्चित रही ये संस्था  अब सरकार के दबाव में काम कर रही है। बल्कि आरोप तो यहां तक लगे कि उसने खुद ही सरकार के सामने समर्पण कर दिया है और अब एक सरकारी एजेंसी के रूप में काम करने लगी है। अब दिल्ली विधान सभा चुनाव के दौरान उसकी भूमिका पर फिर से वैसे ही गंभीर सवाल उठ रहे हैं। जिस तरह सत्ताधारी भारतीय जनता पार्टी के नेताओं के भड़काऊ बयानों पर उसने सिर्फ दिखावटी कार्रवाई की है, उससे उसकी भूमिका पर संदेह बढ़ गया है। आयोग ने दक्षिणपूर्वी दिल्ली के डीसीपी चिन्मय बिस्वाल को रविवार को तत्काल प्रभाव से हटा दिया। आयोग ने इलाके की मौजूदा स्थिति का जिक्र करते हुए यह कदम उठाया। गौरतलब है कि शाहीनबाग और जामिया मिल्लिया इलाके में फायरिंग की तीन घटनाएं हो चुकी हैं। इन घटनाओं के दौरान पुलिस की भूमिका पर सवाल उठे हैं। विडंबना यह है कि बिस्वाल को उस रोज हटाया गया, जिस दिन पुलिस ने हिंदू सेना नामक संगठन से जुड़े लोगों को शाहीनबाग में धरने पर बैठे लोगों के ऊपर… Continue reading निर्वाचन आयोग पर सवाल

दिल्ली के प्रचार का आखिरी हफ्ता

राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में अब चार दिन और चुनाव प्रचार होगा। अभी तक भाजपा की ओर से न तो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी प्रचार में उतरे हैं और न कांग्रेस की ओर से सोनिया, राहुल व प्रियंका गांधी की रैली हुई है। भाजपा का प्रचार तो फिर भी उसके बड़े नेता संभाल रहे हैं। खुद अमित शाह कमान में हैं और राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा से लेकर दर्जनों केंद्रीय मंत्री और मुख्यमंत्री चुनावी रैलियां कर रहे हैं। पर कांग्रेस अपने प्रदेश अध्यक्ष सुभाष चोपड़ा और पूर्व प्रदेश अध्यक्ष अजय माकन के सहारे लड़ रही है। बहरहाल, आखिरी हफ्ते के प्रचार में सब उतरने वाले हैं। नरेंद्र मोदी की कई रैलियां होने वाली हैं और सोनिया व राहुल गांधी भी रैली करेंगे। प्रियंका गांधी वाड्रा की रैली और रोड शो की योजना बन रही है। बड़े नेताओं के प्रचार और बड़ी रैलियों के अलावा अब अगले चार दिन दिल्ली के चुनाव के मुख्य मुद्दों पर भी नजर रखने की जरूरत है। अब तक तो भाजपा का प्रचार शाहीन बाग, जामिया के प्रदर्शन, कश्मीर, राम मंदिर, तीन तलाक और नागरिकता पर केंद्रित है। यह देखना दिलचस्प होगा कि प्रधानमंत्री इसमें कोई नई बात जोड़ते हैं या इन्हीं मुद्दों पर उनका प्रचार रहता है।… Continue reading दिल्ली के प्रचार का आखिरी हफ्ता

भाजपा के दर्जनों मंत्री माइक्रो प्रबंधन में

दिल्ली में भारतीय जनता पार्टी कमाल के अंदाज में चुनाव लड़ रही है। 70 विधानसभा सीटों वाली दिल्ली में भाजपा उसी अंदाज में लड़ रही है, जिस अंदाज में उसने उत्तर प्रदेश का चुनाव लड़ा था। कुछ मामलों में दिल्ली की लड़ाई में भाजपा का प्रबंधन उससे भी तगड़ा दिख रहा है। भाजपा के तमाम बड़े नेता को दिल्ली में प्रचार कर ही रहे हैं साथ ही एक दर्जन केंद्रीय मंत्री बिल्कुल बारीक स्तर पर प्रबंधन संभाल रहे हैं। कई राज्यों में प्रभारी के तौर पर भाजपा को चुनाव लड़ा चुके केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान बूथ स्तर का माइक्रो मैनेजमेंट कर रहे हैं। उनके साथ एक और केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत भी यह काम कर रहे हैं। एक चुनाव क्षेत्र में प्रचार के दौरान भाजपा के एक नेता अनौपचारिक बातचीत में कहा कि भाजपा का चुनाव प्रबंधन वैसा ही जैसा चुनाव आयोग का होता है। यानी सिर्फ हर बूथ के प्रबंधन पर ध्यान नहीं है, बल्कि हर मतदाता पर भाजपा की नजर है। दिल्ली के चुनाव प्रभारी केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावडेकर हैं। वे प्रचार से लेकर बूथ स्तर तक प्रबंधन सब देख रहे हैं। बाकी केंद्रीय मंत्रियों- गिरिराज सिंह, अनुराग ठाकुर, स्मृति ईरानी, डॉक्टर हर्षवर्धन आदि प्रचार में लगे… Continue reading भाजपा के दर्जनों मंत्री माइक्रो प्रबंधन में

राजधानी में ही भारत-पाकिस्तान!

आजाद भारत, उसकी राजधानी दिल्ली और शासक हिंदू महाराजाधिराज नरेंद्र मोदी-अमित शाह मगर इसके बावजूद घर-घर मैसेज बनवाया जा रहा है कि दिल्ली में पाकिस्तान है

चुनाव आयोग भी आखिर क्या करे?

अजित कुमार: नियमों और कायदों का अनुपालन और उस पर अमल आमतौर पर संस्थाओं के साथ सरकार और सत्तारूढ़ दल की जिम्मेदारी होती है। पर अगर सत्तारूढ़ दल और सरकार के मंत्री ही सबसे ज्यादा नियमों का उल्लंघन करें तो संस्थाएं क्या करेंगी? दिल्ली में हो रहे विधानसभा चुनाव के प्रचार में जिस तरह से केंद्र सरकार के मंत्री और सत्तारूढ़ दल के नेता आचार संहिता के लिए तय नियमों की धज्जियां उड़ा रहे हैं और चुनाव आयोग जिस तरह से उसे रोकने के आधे अधूरे प्रयास कर रहा है उससे समूची चुनाव प्रक्रिया और एक संवैधानिक संस्था के तौर पर चुनाव आयोग के ऊपर बड़ा सवाल खड़ा हो गया है। इससे सत्तारूढ़ दल की राजनीतिक नैतिकता पर भी बड़ा सवाल उठा है। इसमें संदेह नहीं है कि राजनीति करने वाली सभी पार्टियों का अंतिम लक्ष्य चुनाव जीतना और सत्ता हासिल करना होता है। पर क्या चुनाव जीतने के लिए कुछ भी किया जा सकता है? किसी भी तरह के साधन का इस्तेमाल किया जा सकता है? प्रचार में कुछ भी कहा जा सकता है? सांप्रदायिक और जातीय ध्रुवीकरण के लिए कैसे भी भड़काऊ बयान दिया जा सकता है? क्या किसी सभ्य देश में हो रहे चुनाव के बारे में… Continue reading चुनाव आयोग भी आखिर क्या करे?

दिल्ली में टूटती मर्यादाएं

निर्वाचन आयोग ने अनुराग ठाकुर और प्रवेश वर्मा को भारतीय जनता पार्टी के स्टार प्रचारकों की लिस्ट से हटाने का निर्देश दिया है। दोनों ने दिल्ली विधान सभा के चुनाव के लिए जारी प्रचार के दौरान भड़काऊ भाषण दिए थे। इसके पहले भाजपा उम्मीदवार कपिल मिश्रा भी ऐसी बात कह चुके थे। उनके खिलाफ भी आयोग ने कार्रवाई की। लेकिन ये तमाम कार्रवाइयां दिखावटी महसूस होती हैं, क्योंकि भाजपा नेताओं को इनसे कोई फर्क नहीं पड़ता। पार्टी के नेता खुलकर सांप्रदायिक प्रचार कर रहे हैं। उनके इस शोर के बीच शासन एवं प्रशासन संबंधी प्रमुख मुद्दे गायब हो गए हैं। आम आदमी पार्टी की इसके लिए तारीफ जरूर करनी होगी कि वहग अपने काम पर वोट मांग रही है। जबकि भाजपा का मुख्य निशाना शाहीनबाग और नागरिकता संशोधन कानून विरोधी आंदोलन है। उसका कहना है कि दिल्ली के शाहीन बाग में नागरिकता संशोधन कानून के बहाने नरेंद्र मोदी के खिलाफ विरोध हो रहा है। पार्टी ने कहा है कि दिल्ली का चुनाव में जीतते ही वह शाहीन बाग का रास्ता खुलवा देगी। दिल्ली विधानसभा चुनाव 2015 में आम आदमी पार्टी (आप) ने अकेले 54 फीसदी वोट के साथ 70 में से 67 सीटें जीती थीं। इसी इतिहास को दोहराने की… Continue reading दिल्ली में टूटती मर्यादाएं

ठाकुर और वर्मा को चुनाव आयोग ने दी राहत

चुनाव आयोग ने केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री अनुराग ठाकुर और भाजपा नेता प्रवेश वर्मा के आपत्तिजनक एवम भड़काऊ बयानों को देखते हुए उन पर क्रमश 72

यह ध्रुवीकरण नहीं, धुंआकरण है

एक पुरानी कहावत है कि प्रेम और युद्ध में किसी नियम-कायदे का पालन नहीं होता। मैं सोचता हूं कि यह कहावत सबसे ज्यादा लागू होती है हमारे चुनावों पर! चुनाव जीतने के लिए कौन-सी मर्यादा भंग नहीं होती ? कोई भी प्रमुख उम्मीदवार यह दावा नहीं कर सकता कि उसने चुनाव-अभियान के लिए अंधाधुंध पैसा नहीं बहाया है। चुनाव आयोग द्वारा बांधी गई खर्च की सीमा का उल्लंघन कौन प्रमुख उम्मीदवार नहीं करता ? शराब, नकदी और तरह-तरह के तोहफों का अंबार लगा रहता है। दिल्ली में आजकल जो चुनाव-अभियान चल रहा है, उसमें उक्त मर्यादा-भंग तो हो ही चुका है लेकिन कुछ नेताओं ने ऐसे बोल बोले हैं, जो उनकी अपनी प्रतिष्ठा को तो धूमिल करते ही है, उनकी पार्टी को भी बदनाम करते हैं। वे बयान भारतीय राजनीति को उसके निम्नतम स्तर पर ले जाते हैं। राज्यमंत्री अनुराग ठाकुर और भाजपा सांसद प्रवेश वर्मा, दोनों ही युवक मुझे प्रिय हैं। इन दोनों के पिताजी मेरे मित्र रहे हैं। दोनों का व्यक्तित्व आकर्षक है लेकिन मेरी समझ में नहीं आता कि दोनों ने ऐसी बातें कैसे कह दीं, क्यों कह दीं ? ‘देश के गद्दारों को, गोली मारो इन सालों’ को और ‘ये लोग तुम्हारे घरों में घुसकर बलात्कार… Continue reading यह ध्रुवीकरण नहीं, धुंआकरण है

अनुराग ठाकुर और प्रवेश वर्मा पर कार्रवाई

नई दिल्ली। केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री अनुराग ठाकुर और भाजपा के सांसद प्रवेश वर्मा के खिलाफ केंद्रीय चुनाव आयोग ने बड़ी कार्रवाई की है। दिल्ली विधानसभा चुनाव में भड़काऊ भाषण देने की शिकायत पर कार्रवाई करते हुए चुनाव आयोग ने भाजपा को निर्देश दिया है कि वह इन दोनों नेताओं को अपने स्टार प्रचारकों की सूची से बाहर करे। इससे पहले चुनाव आयोग ने दोनों नेताओं को 28 जनवरी को नोटिस भेज कर जवाब मांगा था। एक दिन बाद ही चुनाव आयोग ने उन पर कार्रवाई का निर्देश दिया है। चुनाव आयोग का यह आदेश अंतरिम है। दोनों नेताओं को गुरुवार 12 बजे तक जवाब देने का वक्त दिया है। इसके बाद आयोग की बैठक में इन पर अंतिम फैसला लिया जाएगा। केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर ने 27 जनवरी को रिठाला में रैली की थी। इस रैली का एक वीडियो वायरल हो रहा है, जिसमें ठाकुर ने भीड़ से भड़काऊ नारे लगवाए थे। कांग्रेस ने इसे ध्रुवीकरण की कोशिश बताया था। इसके बाद चुनाव आयोग ने उन्हें नोटिस भेजकर जवाब मांगा था। पश्चिम दिल्ली से सांसद और पूर्व मुख्यमंत्री साहिब सिंह वर्मा के बेटे प्रवेश वर्मा ने 28 जनवरी को कहा था- शाहीन बाग में लाखों लोग जमा हैं। दिल्ली… Continue reading अनुराग ठाकुर और प्रवेश वर्मा पर कार्रवाई

अनुराग ठाकुर को चुनाव आयोग का नोटिस

नई दिल्ली। दिल्ली में चल रहे विधानसभा चुनाव में भड़काऊ भाषण देने के आरोप में केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री अनुराग ठाकुर को चुनाव आयोग ने नोटिस जारी किया है। उन्होंने रिठाला की एक सभा में लोगों से भड़काऊ नारे लगाए थे, जिसकी शिकायत कांग्रेस पार्टी ने चुनाव आयोग से की थी। हालांकि अनुराग ठाकुर ने पूरा नारा नहीं लगाया था। उन्होंने कहा था ‘देश के गद्दारों को’, जिस पर लोगों ने कहा ‘गोली मारो सालों को’। इसी नारे पर चुनाव आयोग ने उनको नोटिस जारी किया है। माना जा रहा है कि भाजपा के सांसद प्रवेश वर्मा को भी चुनाव आयोग से नोटिस जारी किया जा सकता है। गौरतलब है कि पश्चिमी दिल्ली के सांसद प्रवेश वर्मा ने दावा किया था कि दिल्ली में भाजपा की सरकार बनी तो सरकारी जमीनों पर बने सारे मदरसे तोड़ दिए जाएंगे। इसी तरह उन्होंने यह भी कहा था कि दिल्ली में भाजपा जीती तो एक घंटे में शाहीन बाग साफ हो जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि शाहीन बाग के लोग घरों में घुस कर बेटियों, बहनों से बलात्कार कर सकते हैं। कांग्रेस ने इसकी भी शिकायत आयोग से की है। बहरहाल, केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री अनुराग ठाकुर ने रिठाला में भाजपा उम्‍मीदवार… Continue reading अनुराग ठाकुर को चुनाव आयोग का नोटिस

सरकार का इकबाल ही कहां बचा है

एक बार बहुत साल पहले मैं आतंकवाद की कवरेज करने पंजाब गया। वहां मुझे कुछ जानकारी लेने के लिए थाने भी जाना पड़ा। जब वहां पहुंचा तो पता चला कि थानेदार कहीं गया हुआ था व कुछ देर में आने वाला था। वहां ड्यूटी पर पहरेदारी कर रहे जवान पहरेदार ने मुझे बैठने का कहा और मैं थाने में ही बैठ कर ऊंघते हुए थानेदार का इंतजार करने लगा।

विदेशों में भारतीयों की अघोषित संपत्ति का कोई अनुमान नहीं : सरकार

सरकार ने कहा कि भारतीयों द्वारा विदेशों में रखी गई अघोषित संपत्तियों का कोई आधिकारिक अनुमान उपलब्ध नहीं है। यह बयान केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री अनुराग ठाकुर ने लोकसभा में सांसदों कुंवर दानिश अली और पी.पी. चौधरी के सवाल के जवाब में दिया।

मंदी के बावजूद भारत की तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था: ठाकुर

नई दिल्ली। सरकार ने आज लोकसभा में कहा कि दुनियाभर में मंदी के बावजूद इस समय भी देश की अर्थव्यवस्था सबसे तेजी से आगे बढ़ रही है और सरकार ने इसे मजबूती प्रदान करने के लिए बैंकों का विलय और उद्योगों को कर में छूट सहित कई कदम उठाये हैं । वित्त राज्य मंत्री अनुराग ठाकुर ने प्रश्नकाल में पूरक प्रश्नों का उत्तर देते हुए यह भी कहा कि 2025 तक भारत पांच हजार अरब डॉलर की अर्थव्यवस्था बन जाएगा। तृणमूल कांग्रेस की प्रतिमा मंडल के पूरक प्रश्न के उत्तर में ठाकुर ने कहा कि पिछले चार महीने और इससे पहले के पांच साल में देश सबसे तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था बना है। उन्होंने कहा कि 2014 से 2019 तक औसत विकास दर 7.5 प्रतिशत रही जो जी-20 देशों में सर्वाधिक है। ठाकुर ने कहा कि जब दुनिया की जीडीपी दर 3.8 प्रतिशत से कम होकर पिछले वर्ष 3.6 प्रतिशत रह गयी और इस वर्ष इसके 3 प्रतिशत रहने का अनुमान है तब भी विश्व आर्थिक परिदृश्य (डब्ल्यूईओ) ने 2019-20 में जी-20 समूह के देशों में भारत की विकास दर के, सबसे तेजी से बढ़ने का पूर्वानुमान व्यक्त किया है। आम आदमी पार्टी के सदस्य भगवंत मान ने पूछा कि… Continue reading मंदी के बावजूद भारत की तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था: ठाकुर

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