सामयिक और प्रासंगिक चेतावनी

आज जो माहौल है, उसमें जस्टिस चंद्रचूड़ की टिप्पणियों का बहुचर्चित हो जाना असामान्य नहीं है। मगर जस्टिस चंद्रचूड़ ने ऐसा कुछ नहीं कहा, जो असामान्य हो। इसीलिए कई हलकों से सवाल उठाया गया कि सुप्रीम कोर्ट के हालिया फैसलों में जस्टिस चंद्रचूड़ के ये विचार और उनकी भावनाएं क्यों जाहिर नहीं हुई हैं? सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधीश जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ ने ‘असहमति’ को लोकतंत्र का ‘सेफ्टी वॉल्व’ बताया। उन्होंने बीते दिनों कहा कि असहमति को एक सिरे से राष्ट्र-विरोधी और लोकतंत्र-विरोधी बता देना संवैधानिक मूल्यों के संरक्षण के प्रति देश की प्रतिबद्धता के मूल विचार पर चोट करता है। जस्टिस चंद्रचूड़ ने एक व्याख्यान में यह भी कहा कि असहमति पर अंकुश लगाने के लिए सरकारी तंत्र का इस्तेमाल डर की भावना पैदा करता है, जो कानून के शासन का उल्लंघन है। जस्टिस चंद्रचूड़ ने कहा कि असहमति का संरक्षण करना यह याद दिलाता है कि लोकतांत्रिक रूप से एक निर्वाचित सरकार हमें विकास एवं सामाजिक समन्वय के लिए एक न्यायोचित औजार प्रदान कर रही है। वे उन मूल्यों एवं पहचानों पर कभी एकाधिकार का दावा नहीं कर सकती, जो हमारी बहुलवादी समाज को परिभाषित करती हैं। जस्टिस चंद्रचूड़ ने कहा कि संविधान निर्माताओं ने हिंदू भारत या मुस्लिम… Continue reading सामयिक और प्रासंगिक चेतावनी

हिंदू कौन है ?

सर्वोच्च न्यायालय के न्यायाधीश डी. वाय. चंद्रचूड़ ने गुजरात राष्ट्रीय विवि विध्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह को चुना अपनी बात कहने के लिए। देश का नेतृत्व आज गुजराती भाइयों के हाथ में हैं। उनका नाम लिए बिना चंद्रचूड़ ने उन्हें ही संबोधित किया है। उन्होंने कहा कि भारत विविधताओं का देश है। यदि इसमें एक भाषा, एक धर्म, एक जाति, एक संस्कृति की बात करें तो यह उचित नहीं होगा। उन्होंने कहा कि आज का भारत अपनी इसी विविधतामय संस्कृति की सुरक्षा के बारे में चिंतित है। उन्होंने युवा छात्रों से कहा कि आप अपने अधिकारों के लिए जरुर लड़ें। सरकार के खिलाफ भी बोलना हो तो बोलें लेकिन आपको सबसे ज्यादा उनके लिए लड़ना चाहिए, जो बेजुबान हैं, जो कमजोर हैं। न्यायमूर्ति चंद्रचूड़ ने संविधान को सर्वसमावेशी कहा है। उसमें भारत को किसी मजहब, जाति या वंश की बपौती नहीं बताया गया है। उनकी यह बात उन नेताओं पर लागू होती है, जिन्होंने दिल्ली के चुनावों में घृणा फैलाने की कोशिश की। कर्नाटक की सरकार ने उन स्कूली बच्चों के खिलाफ कार्रवाई कर दी जो नए नागरिकता कानून का विरोध कर रहे थे और गुजरात में छात्राओं को जांच के बहाने निर्वस्त्र कर दिया गया। चंद्रचूड़ का यह दृष्टिकोण ठीक… Continue reading हिंदू कौन है ?

सीएए पर राजग नेताओं में मतभेद सामने आया : मायावती

केंद्र सरकार से नए कानून को वापस लेने का आग्रह करते हुए बहुजन समाज पार्टी (बसपा) की प्रमुख मायावती ने शनिवार को कहा कि नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) और राष्ट्रीय नागरिक रजिस्टर (एनआरसी) पर राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) के नेताओं में असहमति अब स्पष्ट रूप से देखी जा सकती है।

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