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भारत से खफा दुनिया?

कश्मीर में धारा 370 खत्म करने के बाद नागरिकता संशोधन कानून बनाने के भारत सरकार के कदम का अब अंतरराष्ट्रीय असर होने लगा है। संयुक्त राष्ट्र और अमेरिका की इस बारे में कड़ी प्रतिक्रियाएं आई थीं। अब इस्लामी देश इस मुद्दे पर गोलबंद होते दिख रहे हैं। कश्मीर मसले पर ऐसा करवा पाने में नाकाम रहा पाकिस्तान अब सफल होता नजर आ रहा है। ताजा खबर के मुताबिक सऊदी अरब ने कश्मीर मुद्दे पर सभी इस्लामिक देशों के विदेश मंत्रियों के ‘ऑर्गनाइजेशन ऑफ इस्लामिक कोऑपरेशन’ (ओआईसी) बैठक आहूत की है। ये बैठक पाकिस्तान में होगी। माना जा रहा है कि इस बैठक से इस खाड़ी देशों और भारत के रिश्तों में खटास आ सकती है।  हाल ही में मलयेशिया में भी इस तरह के एक इस्लामिक शिखर सम्मेलन का आयोजिन किया जाना था, जिसमें पाकिस्तान शामिल भी होने वाला था। लेकिन सऊदी अरब द्वारा मना किए जाने के बाद पाकिस्तान ने इस सम्मेलन से खुद को बाहर कर लिया। इसलिए माना जा रहा है कि रियाद का कश्मीर मुद्दे पर बैठक करने का फैसला पाकिस्तान को एक रियायत है। लेकिन इससे भारत के लिए असहज स्थिति पैदा होगी, क्योंकि सऊदी अरब मोटे तौर पर भारत को लेकर नरम रहा है।… Continue reading भारत से खफा दुनिया?

पाकिस्तान के कहने पर ओआईसी बैठक

हाल में मलेशिया में आयोजित इस्लामी देशों के संगठन ओआईसी द्वारा आयोजित सम्मेलन के बाद पाकिस्तान में सऊदी अरब की मदद से कश्मीर के हालात पर ऐसा ही सम्मेलन आयोजित किए जाने के ऐलान के बाद भारत इस्लामी संसार में अलग-थलग पड़ता दिखाई दे रहा है। हालांकि यह सब दुनिया के इस्लामी संसार पर अपना दबदबा जमाए रखने के लिए किया जा रहा है मगर इस काम में पाकिस्तान की सऊदी अरब द्वारा मदद करना बहुत अहमितयत रखता है। सऊउी अरब अभी तक खुद को इस्लामी जगत का नेता मानता आया है मगर जब मलेशिया के प्रधानमंत्री महातिर मोहम्मद द्वारा ईरान के सहयोग से वहां ओआईसी की बैठक बुलाई गई तो सऊदी अरब बौखला उठा। बताते हैं कि मलेशिया के इस सम्मेलन को पाकिस्तान ने भी शुरू में अपना पूरा सहयोग दिया। मगर जब सऊदी अरब ने दबाव डाला तो इमरान खान ने खुद को इस बैठक से अलग कर लिया था। कुआलालंलपुर की में होने वाली बैठक में हिस्सा लेने वाले ईरान को भी सऊदी अरब पसंद नहीं करता। मालूम हो कि तुर्की की बैठक में ईरान के राष्ट्रपति हसन रूहानी ने भी हिस्सा लिया था। यहां यह बताना जरूरी हो जाता है कि भारत के लिए सऊदी अरब… Continue reading पाकिस्तान के कहने पर ओआईसी बैठक

भारत को इस्लामी राष्ट्रों की चुनौती

भारत भी कमाल का देश है। इसकी वजह से इस्लामी देशों में फूट पड़ गई है। दुनिया के 57 इस्लामी देशों का अब तक एक ही संगठन है। इस्लामी देशों का संगठन (ओआईसी) लेकिन अब एक दूसरा इस्लामी संगठन भी उठ खड़ा हुआ है। इसका नेतृत्व मलेशिया के राष्ट्रपति महाथिर मोहम्मद और तुर्की के राष्ट्रपति तय्यब इरदोगन कर रहे हैं।इन दोनों नेताओं ने कश्मीर के पूर्ण विलय के मामले में भारत का विरोध किया था। लेकिन सउदी अरब और संयुक्त अरब अमारात ने उसे भारत का आतंरिक मामला कहकर टाल दिया था। इन दोनों देशों के नेता एक-दूसरे के देशों में जाकर गदगद हुए थे और नरेंद्र मोदी को सउदी और यूएई ने अपने सर्वोच्च सम्मान भी दिए थे। इसकी काट करने के लिए पिछले हफ्ते मलेशिया में एक वैकल्पिक इस्लामी सम्मेलन आयोजित किया गया था। इसमें तुर्की के अलावा ईरान के राष्ट्रपति हसन रुहानी भी शामिल हुए थे। इस वैकल्पिक इस्लामी सम्मेलन के पीछे अमेरिका-विरोधी भाव भी छिपा हुआ है। इस सम्मेलन के नायक के तौर पर पाकिस्तान को उभरना था लेकिन सउदी अरब ने अड़ंगा लगा दिया। उसके इशारे पर इमरान खान ने मलेशिया जाने से मना कर  दिया। तो अब कश्मीर के सवाल पर इस्लामी देशों का… Continue reading भारत को इस्लामी राष्ट्रों की चुनौती

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