‘कैटल क्लास’ उर्फ भेड़-बकरियों का जीना!

दम घुट रहा है! आंखों में जलन सी तो सांस लेना भारी सा! कल जब अनुराग चर्तुवेदी मुंह पर मास्क लगाए आए और बताया कि वे मुंबई जल्द लौट रहे हैं तो स्वंयस्फूर्त पूछा-वहां क्या हवा अच्छी? मुंबई का बाड़ा क्या सांस लायक?