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भाजपा क्यों नहीं कराएगी जातियों की गिनती!

इसमें कोई संदेह नहीं है कि भारतीय जनता पार्टी बहुत जोर-शोर से ओबीसी राजनीति कर रही है और उसको इसका फायदा भी मिल रहा है। लेकिन पार्टी जाति आधारित जनगणना नहीं कराएगी।

जाति जनगणना, मोदी से मिले बिहार के नेता

बिहार के 10 नेताओं का एक प्रतिनिधिमंडल सोमवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिला। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने इस प्रतिनिधिमंडल की अगुवाई की।

जाति जनगणना के लिए मोदी से मिलेंगे बिहार के नेता

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आखिरकार बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को मिलने का समय दे दिया।

राज्य क्यों नहीं कराते जातियों की गिनती?

केंद्र सरकार जातियों की गिनती कराने को राजी नहीं है। सरकार ने पहले ही साफ कर दिया है। कोरोना वायरस की महामारी की वजह से जनगणना अभी तक शुरू नहीं हुई है।

जातिगत आधार पर जनगणना कराने की राज्यसभा में मांग

राज्यसभा में आज राष्ट्रीय जनता दल के मनोज कुमार झा और कांग्रेस की छाया वर्मा ने जातिगत आधार पर जनगणना कराने की मांग की ताकि लोगों की सामाजिक पृष्टभूमि का पता चल सके।

एनपीआर, जनगणना का पहला चरण स्थगित

नई दिल्ली। कोरोना वायरस के बढ़ते संक्रमण को रोकने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से घोषित 21 दिन के लॉकडाउन के पहले दिन सरकार ने राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर, एनपीआर को अपडेट करने और 2021 की जनगणना के पहले चरण को स्थगित कर दिया गया है। अधिकारियों ने बुधवार को इसकी जानकारी दी। दोनों प्रक्रियाएं एक अप्रैल से 30 सितंबर के बीच पूरी की जानी थी। गृह मंत्रालय ने एक बयान में कहा कि जनगणना को दो चरणों में पूरा किया जाना था। इनमें पहले चरण के तहत अप्रैल से सितंबर के दौरान मकान सूचीकरण और मकानों की गणना होनी थी और नौ से 28 फरवरी के दौरान आबादी की गिनती होनी है। असम को छोड़कर सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में 2021 की जनगणना के पहले चरण के साथ ही एनपीआर को अपडेट करने का प्रस्ताव था। गृह मंत्रालय ने कहा है कि कोरोना वायरस महामारी के प्रकोप के कारण केंद्र के साथ-साथ राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों की ओर से भी हाई अलर्ट घोषित किया गया है। बयान के अनुसार इन मुद्दों को ध्यान में रखते हुए 2021 की जनगणना का पहला चरण और एनपीआर को अपडेट किया जाना अगले आदेश तक स्थगित किया जाता है। अधिकारियों… Continue reading एनपीआर, जनगणना का पहला चरण स्थगित

एनपीआर और जनगणना दोनों टलेंगे

कोरोना वायरस की वजह से भारत का एक बड़ा राजनीतिक मुद्दा फिलहाल खत्म हो सकता है। पिछले कुछ दिनों से नागरिकता कानून को लेकर चल रहे विवाद में राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर, एनपीआर अपडेट करने का मुद्दा भी विवादों में आया था।

जातीय आधार पर होनी चाहिये जनगणना: अखिलेश

लखनऊ। समाजवादी पार्टी (सपा) अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा है कि विकास प्रक्रिया को गति देने के जातीय आधार पर जनगणना होनी चाहिए। यादव ने बुधवार को कहा कि सपा सामाजिक सद्भाव के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि सौहार्द के वातावरण में ही विकास हो सकता है। विकास प्रक्रिया को गति देने के लिए जातीय आधार पर जनगणना होनी चाहिए। समाज के सभी वर्ग के लोगों की उनकी संख्या के अनुकूल तब हिस्सेदारी तय हो सकेगी। इसमें हिंदू-मुस्लिम की कोई समस्या नहीं होगी। उन्होंने कहा कि सपा सरकार के समय समाज के कमजोर वर्गो के हित में कई योजनाएं लागू की गई। किसान और गरीब को प्राथमिकता में रखकर उनको लाभ पहुंचाया गया। नौजवानों में निराशा और कुंठा न पनपे इसलिए उनको रोटी-रोजगार से जोड़ा गया। किसान आज कर्ज और मंहगाई से बदहाल है तो नौजवान बेरोजगारी की मार से संकटग्रस्त है। भाजपा सरकार में भ्रष्टाचार अनियंत्रित है। यादव ने कहा कि भाजपा सरकार में जनता के हितो की अनदेखी हो रही है। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सरकार के तीन साल बीत चुके हैं एक भी जनकल्याण की योजना जमीन पर नहीं उतर पाई है। सपा के कामों को ही दुहराकर अथवा नए-नए नाम बदलकर ही भाजपा सरकार के… Continue reading जातीय आधार पर होनी चाहिये जनगणना: अखिलेश

जम्मू कश्मीर में जनगणना 2021 की शुरुआत एक जून से

केंद्र शासित प्रदेश जम्मू और कश्मीर में जनगणना 2021 का पहला चरण एक जून 2020 से शुरू होगा। आधिकारिक प्रवक्ता ने सोमवार को यह जानकारी दी।

जातीय जन-गणनाः सोया भूत जगाया

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने अपनी विधानसभा में नागरिकता के संबंध में सर्वसम्मति से जो प्रस्ताव पारित करवाया, उसकी मैंने भरपूर तारीफ की थी लेकिन मुझे बड़ा अफसोस है कि इसी विधानसभा ने कल जनसंख्या-गणना के सवाल पर शीर्षासन कर दिया। उसके अनुसार बिहार की जन-गणना में अब जातिवार जन-गणना भी होगी। 2010 में मैंने जातीय जन-गणना के खिलाफ दिल्ली में आंदोलन चलाया था। इस आंदोलन में देश के कई दलों के नेता, पूर्व मंत्री, सांसद, बुद्धिजीवी, कलाकार और पत्रकार शामिल थे। मनमोहन सिंह की कांग्रेस सरकार ने अपनी भूल स्वीकार की और जातीय जन-गणना बीच में ही रुकवा दी। कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने इसमें विशेष रुचि ली थी। नरेंद्र मोदी उस समय गुजरात के मुख्यमंत्री थे। वे हमसे सहमत थे। उन्होंने हमारा साथ दिया था। प्रधानमंत्री बनने पर उन्होंने, जातीय जन-गणना के आंकड़े जितने भी इकट्ठे हुए थे, उन्हें प्रकाशित नहीं होने दिया लेकिन नीतीश कुमार ने ऐसा तुरुप का पत्ता मारा है कि उसने भाजपा और कांग्रेस दोनों को चित कर दिया है। दोनों पार्टियों, बल्कि सभी पार्टियों ने बिहार विधानसभा में घुटने टेक दिए हैं।यह ठीक है कि बिहार जातिवाद का गढ़ है और वहां जाति की सीढ़ी पर चढ़े बिना चुनाव जीतना असंभव है लेकिन… Continue reading जातीय जन-गणनाः सोया भूत जगाया

जातीय आधार पर जनगणना कराने का प्रस्ताव पारित

बिहार विधानसभा ने आज सर्वसम्मति से 2021 में जातीय आधार पर जनगणना कराने का प्रस्ताव पारित किया।

जाति आधारित जनगणना को लेकर सपा का हंगामा

उत्तर प्रदेश विधानसभा में बुधवार को जाति आधारित जनगणना कराने की मांग को लेकर समाजवादी पार्टी के सदस्यों ने जोरदार हंगामा किया जिससे सदन

हरियाणा में जनगणना का पहला चरण एक मई से

हरियाणा में जनगणना 2021 के पहले चरण में मकान सूचीकरण व मकानों की गणना का कार्य एक मई से 15 जून तक किया जाएगा। इस कार्य के लिए राज्य में लगभग 58000 प्रगणक और पर्यवेक्षकों को आंकड़े

एनपीआर का भविष्य क्या?

जनगणना के साथ साथ राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर, एनपीआर बनाने औरउसे अपडेट करने की शुरुआत 2010 में हुई थी।

एनपीआर और जनगणना सामान्य प्रशासनिक प्रक्रिया : मोदी

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर (एनपीआर) और जनगणना को सामान्य प्रशासनिक प्रक्रिया बताते हुये विपक्ष से इसका विरोध नहीं करने

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