‘आस्था संघर्ष’ में शराबी जीते, आस्थावान हारे…!

इन दिनों केन्द्र व राज्य सरकारों की कार्यप्रणाली को देखकर देश की जनता यह सोचने-समझने को मजबूर है कि शायद केन्द्र व राज्यों पर सत्तासीन भारतीय जनता पार्टी ने देश के वरिष्ठतम कवि स्व. हरिवंश राय बच्चन

मंदिर का सोना ऐसे वक्त काम में आए

बहुत पहले एक हिंदी फिल्म देखी थी। इसमें एक दृश्य में शहर में बाढ़ आने पर वहां का संबंधित मंत्री उसे देखने के लिए जाता है। यह पता चलते ही एक विपक्ष का नेता प्रेस कान्फ्रेंस बुलाता है।