चीन की मजबूरी हिटलरी विस्तार

भविष्य में चीन से अनिवार्य संकट-4: चीन फैक्टरी है दुनिया की। पृथ्वी के लोगों की जरूरतों का आपूर्तिकर्ता है। वह सन् 2013 से दुनिया का नंबर एक व्यापारिक देश है। कभी ऐसा रूतबा ब्रिटेन, अमेरिका का हुआ करता था। अब स्थायी तौर पर चीन नंबर एक व्यापारिक देश। सन् 2019 में उसने कोई 2,641 ट्रिलियन… Continue reading चीन की मजबूरी हिटलरी विस्तार

जैसे जांबिया वैसे कई देश! भविष्य में चीन से अनिवार्य संकट-3

भविष्य में चीन से अनिवार्य संकट-3: जांबिया जैसे कर्ज से चीन की चंगुल में जकड़ा है, उस पर आश्रित है वैसे अफ्रिका के और भी देश कर्ज सुनामी के खतरे में चीन की साहूकारी में फंसे है। अंगोला में हालात यह है कि जीडीपी से 120  प्रतिशत तेज रफ्तार कर्जदारी से बढ रही है। वही… Continue reading जैसे जांबिया वैसे कई देश! भविष्य में चीन से अनिवार्य संकट-3

जाम्बिया पर चीन का ऐसा मालिकाना!

भविष्य में चीन से अनिवार्य संकट-2: चीन 21वीं सदी में यदि क्षेत्र-आबादी विशेष को ईस्ट इंडिया कंपनी के तौर-तरीकों में बंधक, आश्रित, गुलाम बना रहा है तो प्रमाण क्या? कई उदाहरण हैं। ये अफ्रीका, मध्य एशियाई देशों से ले कर लातिनी अमेरिकी देशों में फैले हुए है। इसका विजुअल अनुभव जानना-समझना है तो पिछले शनिवार… Continue reading जाम्बिया पर चीन का ऐसा मालिकाना!

21वीं सदी में गुलामी और चीन!

भविष्य में चीन से अनिवार्य संकट-1: सचमुच सोचना, समझना और अनुभव की हकीकत में विश्वास वाली बात नहीं जो 21वीं सदी में वह होता हुआ है, जो 18वीं-19 वीं सदी में था! देश और लोग 21वीं सदी में वैसे ही गुलाम बन रहे हैं, जैसे 18वीं-19 वीं सदी में बने थे। आश्चर्य का और बड़ा… Continue reading 21वीं सदी में गुलामी और चीन!

शिक्षा में हिन्दू विरोध

हिन्दू आज भी जजिया भर रहे हैं – 3: एक केंद्रीय विश्वविद्यालय में एक पाठ्यक्रम बनाने की मीटिंग हो रही थी। उस में एक अध्याय का शीर्षक रखा गयाः भारत में मानवतावादी परंपरा

कम्युनिस्ट मुख्यमंत्री अदालत की शरण में

आमतौर पर हमारे देश के वामपंथी दलों व उनके नेताओं को आर्थिक रूप से ईमानदार व पैसे खर्च करने के मामले में कंजूस माना जाता है। जब मैं वामपंथी दल कवर करता था तब वहां प्रेस कांफ्रेंस में मुझे टूटे कपो में चाय व बिस्कुट परोसे जाते थे। ज्यादा कप (मग) या तो टूटे हुए होते अथवा उनके हैंडल टूटे हुए होते। 

कामरेड़ों जैसा राग अलापते विपक्षी

फिल्म अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत की आत्महत्या की जांच की मांग करने वाली अभिनेत्री कंगना रनोट को सुरक्षा दिए जाने का तृणमूल कांग्रेस की सासंद महुआ मोइत्रा ने विरोध जताया है।

रूस और चीन से ही सीख लें!

पहले चीन में शी जिनपिंग, फिर रूस में व्लादीमीर पूतिन, के सत्ता में स्थाई बने रहने के समाचार आए हैं। इस पर हमारा क्या रुख हो?  दोनों ही देशों के प्रेमी यहाँ अच्छी संख्या में हैं। चूँकि स्वतंत्र भारत में आरंभ से सत्ता में कम्युनिस्ट प्रभाव रहा, इसलिए भी यहाँ रूस चीन के प्रति लगाव,… Continue reading रूस और चीन से ही सीख लें!

ट्रंप की यात्रा के विरोध में 24 को विरोध प्रदर्शन

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के भारत आगमन के विरोध में सोशलिस्ट यूनिटी सेंटर ऑफ इंडिया (कम्युनिस्ट) के कार्यकर्ता 24 फरवरी को ब्लॉक