जसवंत सिंह का वह वक्त!

जब पूर्व केंद्रीय मंत्री जसवंत सिंह के निधन की खबर सुनी तो पुरानी यादें ताजा हो गई। मैं उन्हें तब से जानता था जब वे भाजपा के प्रवक्ता हुआ करते थे। उनकी रोबदार जुबान, भाषा व पोशाक उनके व्यवहार की ही तरह विशिष्टता लिए हुई थी

जसवंत सिंहः गरिमा, बुद्धि का प्रखर व्यक्तित्व

जसवंत सिंह पचंतत्व में विलीन हुए। जोधपुर में घर-फार्म हाउस में उनके बेटे मानवेंद्र सिंह ने जब उनको मुखाग्नि दी तो मैं मौजूद नहीं था लेकिन मैं कोरोना काल के इस वक्त में मन से उस क्षण का साक्षी हुआ पड़ा था जब हंस के उड़ चलने की खबर सुनी थी।

जसवंत सिंह का निधन

भारतीय जनता पार्टी के दिग्गज नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री जसवंत सिंह का लंबी बीमारी के बाद रविवार को निधन हो गया। वे 82 वर्ष के थे।