अर्थव्यवस्था पर प्रसाद की टिप्पणी को लेकर प्रियंका ने की आलोचना

नई दिल्ली । कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने आज को केंद्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद के अर्थव्यवस्था को बॉलीवुड से जोड़ने व आर्थिक मंदी को खारिज करने के बयान की निंदा की। प्रियंका गांधी ने कहा कि उन्हें (रविशंकर को) फिल्म जीवन से बाहर आना चाहिए और सच्चाई से मुंह नहीं मोड़ना चाहिए। प्रियंका ने ट्वीट किया, “यह दुख की बात है कि जब देश में लाखों लोग नौकरियां खो रहे हैं, उनके पैसे पर बैंक कुंडली मारकर बैठे हैं, सरकार को जनता के दुख की फिक्र नहीं है। उसे फिल्मों के मुनाफे की परवाह है। मंत्री जी, फिल्मी दुनिया से बाहर निकलिये। हकीकत से मुंह मत चुराइये। प्रियंका गांधी की यह टिप्पणी रविशंकर प्रसाद के बयान के एक दिन बाद आई है।

केंद्रीय मंत्री देश में आर्थिक मंदी को नकारने के लिए सिनेमा बॉक्स-ऑफिस के संग्रह का हवाला देने के बाद विवादों में घिर गए हैं। मुंबई में शनिवार को एक संवाददाता सम्मेलन में प्रसाद को आर्थिक मंदी पर टिप्पणी करने को कहा गया। मंत्री ने जवाब दिया, “मैं पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की सरकार में सूचना एवं प्रसारण मंत्री था और मुझे फिल्मों का शौक है। फिल्में बड़ा कारोबार कर रही हैं। दो अक्टूबर को तीन फिल्में रिलीज हुईं और फिल्म समीक्षक कोमल नाहटा ने मुझे बताया कि राष्ट्रीय अवकाश के दिन 120 करोड़ रुपये की कमाई हुई। 120 करोड़ रुपये की कमाई किसी ऐसे देश में ही होती है, जहां की अर्थव्यवस्था अच्छी हो।

इसे भी पढ़ें : रविशंकर प्रसाद ने ट्रोल होने के बाद बयान वापस लिया

हालांकि, राजनीतिक विरोधियों की आलोचना के बाद केंद्रीय मंत्री ने रविवार को अपना बयान वापस ले लिया और स्पष्ट किया कि उन्होंने यह टिप्पणी मुंबई में रहने के दौरान की, जो भारत की फिल्म की राजधानी है और ‘लाखों लोगों को रोजगार प्रदान करती है और करों के द्वारा विशेष योगदान देती है। रविशंकर प्रसाद ने रविवार को कहा, “एक संवेदनशील व्यक्ति होने के नाते मैं अपनी टिप्पणी वापस लेता हूं।”
लेकिन, प्रसाद ने आरोप लगाया कि उनके बयान को तोड़ मरोड़कर पेश किया गया। प्रसाद के कार्यालय की ओर से जारी एक बयान में कहा गया है, “कल मुंबई में की गई मेरी टिप्पणी तीन फिल्मों द्वारा एक दिन में की गई 120 करोड़ रुपये कमाई के बारे में थी, जो तथ्यात्मक रूप से सही बयान था। (एक दिन की) कमाई का यह आंकड़ा अबतक का सर्वोच्च है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Shares