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एसबीआई म्यूचुअल फंड ने पेश किया बैलेंस हाइब्रिड फंड

देश के सबसे बड़े फंड हाउस एसबीआई म्यूचुअल फंड ने सोमवार को एसबीआई बैलेंस हाइब्रिड फंड पेश करने की घोषणा की।

यह एक ओपन-एंडेड बैलेंस्ड स्कीम है, जो केवल इक्विटी और डेट उपकरणों में निवेश करेगी। इस योजना में आर्बिट्राज की अनुमति नहीं है। न्यू फंड ऑफर (एनएफओ) में निवेश के लिए आवेदन 10 अगस्त से 24 अगस्त 2026 तक खुले रहेंगे।

यदि खरीदी गई या फंड की किसी अन्य योजना से स्विच की गई इकाइयों का 10 प्रतिशत से अधिक आवंटन की तारीख से एक साल के भीतर या उससे पहले रिडीम या स्विच किया जाता है तो निवेश की राशि का एक प्रतिशत शुल्क देना होगा। आवंटन के एक साल के बाद निवेश की राशि निकालने पर या एक साल के भीतर 10 प्रतिशत तक राशि निकालने पर कोई शुल्क नहीं लगेगा।

कंपनी की प्रेस विज्ञप्ति में कहा गया है कि फंड का निवेश उद्देश्य केवल इक्विटी और डेट इंस्ट्रूमेंट्स में निवेश करके दीर्घकालिक पूंजी वृद्धि और आय उत्पन्न करना है। हालांकि, इस बात का कोई आश्वासन या गारंटी नहीं है कि योजना का निवेश उद्देश्य हासिल होगा। यह योजना किसी भी रिटर्न का आश्वासन या गारंटी नहीं देती है।

एसबीआई फंड्स मैनेंजमेंट के प्रबंध निदेशक एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी देबाशीष मिश्रा ने कहा, “एसबीआई बैलेंस्ड हाइब्रिड फंड का लॉन्च इक्विटी और फिक्स्ड-इनकम बाजारों में भागीदारी के लिए एक अनुशासित ढांचा पेश करके हमारे हाइब्रिड निवेश प्लेटफॉर्म को मजबूत करता है। 

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यह अनुसंधान-आधारित परिसंपत्ति आवंटन, विवेकपूर्ण जोखिम प्रबंधन और बदलती बाजार परिस्थितियों के बीच निवेशकों की जरूरतों को पूरा करने वाले समाधानों पर हमारे जोर को दर्शाता है।

फंड अपनी कुल परिसंपत्तियों का 40 प्रतिशत से 60 प्रतिशत इक्विटी और इक्विटी-संबंधित उपकरणों (रिट्स सहित) में निवेश करेगा। वहीं, 40 प्रतिशत से से 60 प्रतिशत परिसंपत्तियां डेट सिक्योरिटीज तथा मनी मार्केट उपकरणों में निवेश की जायेंगी। इसमें डेट-ओरिएंटेड म्यूचुअल फंड योजनाओं की इकाइयों तथा सेबी/आरबीआई द्वारा अनुमति प्राप्त अन्य प्रतिभूतियां भी शामिल हो सकती हैं।

इस योजना में विदेशी प्रतिभूतियों में निवेश का विकल्प भी है। यह निवेश सेबी के नियमों के अधीन होगा और योजना की कुल शुद्ध परिसंपत्ति के 35 प्रतिशत से अधिक नहीं होगा। सेबी के 20 मार्च 2026 के सर्कुलर के अनुसार, यह योजना विदेशी प्रतिभूतियों में अधिकतम 2.5 करोड़ डॉलर और ओवरसीज ईटीएफ में अधिकतम एक करोड़ डॉलर तक निवेश कर संभव है।

एनएफओ के दौरान न्यूनतम आवेदन राशि 5,000 रुपये होगी। इसके बाद निवेश एक रुपये के गुणकों में किया जा सकता है। अतिरिक्त खरीद के लिए न्यूनतम राशि 1,000 रुपये होगी और इसके बाद एक रुपये के गुणकों में निवेश किया जा सकेगा।

Pic Credit : ANI

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