गुवाहाटी। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के बाद अब लोकसभा में कांग्रेस के उप नेता गौरव गोगोई ने चुनाव आयोग पर सवाल उठाया है। असम कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष गौरव गोगोई ने रविवार को चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर सवाल उठाए। उन्होंने सरकार पर भी हमला किया और कहा कि विपक्ष चाहता है कि मतदाता सूची में संशोधन को लेकर संसद में खुलकर चर्चा हो, लेकिन सरकार इसे टाल रही है।
असम कांग्रेस की कार्यकारिणी बैठक से पहले रविवार को मीडिया से बातचीत में गोगोई ने कहा, ‘आज जनता के मन में चुनाव आयोग की निष्पक्षता को लेकर संदेह है’। उन्होंने मतदाता सूची की कथित गड़बड़ियों पर चर्चा नहीं कराने को लेकर सरकार पर निशाना साधते हुए कहा, ‘सरकार इस पर चर्चा से क्यों भाग रही है? क्या यह बीते विधानसभा और लोकसभा चुनावों में की गई किसी गड़बड़ी को छिपाने की कोशिश है’?
गोगोई ने इस बात को खारिज किया कि चुनाव आयोग सरकार का अंग नहीं है इसलिए उस पर संसद में चर्चा नहीं हो सकती। उन्होंने कहा, ‘ये बेतुकी बातें हैं, मुख्य चुनाव आयुक्त की नियुक्ति प्रधानमंत्री और सरकार करती है, ऐसे में जवाबदेही भी बनती है’। गोगोई ने ऑपरेशन सिंदूर पर कहा कि गृह मंत्री अमित शाह ने पहलगाम आतंकी हमले में मारे गए लोगों के प्रति न तो संवेदना जताई और न ही खुफिया विफलता की जिम्मेदारी ली, जो उनके मंत्रालय के अधीन है। गौरतलब है कि असम की 126 विधानसभा सीटों पर चुनाव अगले साल अप्रैल में चुनाव होगा। उससे पहले कांग्रेस ने कार्यसमिति की बैठक में चुनावी रणनीति पर चर्चा की।
