लखनऊ। दिल्ली और कर्नाटक की तर्ज पर उत्तर प्रदेश में राज्य सरकार ने महिलाओं को मुफ्त बस पास का तोहफा दिया है। उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव से छह महीने पहले सरकार ने यह बड़ा फैसला किया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई कैबिनेट बैठक में 60 साल और उससे अधिक उम्र की महिलाओं को राज्य परिवहन निगम की बसों में आजीवन मुफ्त यात्रा की सुविधा देने का फैसला किया गया। इस फैसले का लाभ एक करोड़ महिलाओं को मिलेगा।
रक्षाबंधन से पहले आया यह फैसला ‘लोकमाता अहिल्याबाई मातृशक्ति योजना’ के नाम से मंजूर की गई। इसके तहत 60 वर्ष से अधिक उम्र की महिलाएं परिवहन निगम की सभी बसों में निःशुल्क यात्रा कर सकेंगी। यात्रा के दौरान आधार कार्ड या वोटर आईडी के माध्यम से उम्र का सत्यापन किया जाएगा। सरकारी अनुमान के अनुसार इस योजना का लाभ एक करोड़ से अधिक महिलाओं को मिलेगा। हर दिन करीब 88 हजार महिलाओं की यात्रा को आधार मानते हुए इस योजना पर हर महीने करीब 22.5 करोड़ रुपए खर्च होने का अनुमान है।
इसके अलावा कैबिनेट में 23 अन्य प्रस्तावों को भी मंजूरी दी गई। इसमें माता, पिता और वरिष्ठ नागरिकों के भरण पोषण से संबंधित व्यवस्था को और मजबूत करने का फैसला भी शामिल है। इसके लिए नया निगम गठित किया जाएगा। नई व्यवस्था के तहत यदि कोई बेटा या बेटी अपने माता, पिता की देखभाल नहीं करता है तो उन्हें संपत्ति से बेदखल करने की प्रक्रिया सरल और प्रभावी होगी। कैबिनेट की बैठक में फैसला किया गया कि वित्तीय वर्ष 2025-26 में जो छात्र छात्रवृत्ति के लिए आवेदन नहीं कर सके थे, उन्हें एक और मौका दिया जाए। करीब 3.16 लाख छात्र, छात्राओं को इसका लाभ मिलेगा।
