नई दिल्ली। दो दिन की शांति के बाद एक बार फिर अमेरिका ने ईरान पर हमला किया। ईरान ने भी जॉर्डन और बहरीन में अमेरिकी ठिकानों पर पलटवार किया है। इससे पहले अमेरिकी सेना ने मंगलवार रात सिरिक, खुजस्तान, केश्म द्वीप और बंदर अब्बास में मिसाइल और ड्रोन से हमला किया। ईरान के अनुसार इन हमलों में 19 लोगों की मौत हुई है, जबकि 68 लोग घायल हुए हैं।
ईरान ने बुधवार को दावा किया कि सिरिक में एक शादी समारोह के दौरान मिसाइल गिरने से पांच लोगों की जान गई, जिनमें चार साल का एक बच्चा भी शामिल है। वहीं खुजस्तान प्रांत में हुए हमले में सात लोगों की मौत और आठ लोग घायल हुए। हालांकि अमेरिका का कहना है कि उसने केवल ईरानी सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया। अमेरिकी सेना की सेंट्रल कमांड ने नागरिकों को निशाना नहीं बनाने की बात कही है।
अमेरिकी हमलों के जवाब में ईरान ने जॉर्डन और बहरीन में अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर हमला किया। हालांकि अमेरिका का कहना है कि उसने सारे हमले नाकाम कर दिए। इससे पहले 30 अगस्त को अमेरिका ने होर्मुज की खाड़ी के पास स्थित लारक द्वीप पर दो ईरानी रॉकेट लॉन्चरों पर हवाई हमला किया था। अमेरिका के नए हमलों के बाद ईरानी सुरक्षा परिषद के सचिव मोहसिन रेजाई ने अमेरिकी हमलों के बाद कड़ी चेतावनी दी है। उन्होंने दावा किया कि तेहरान की नई रणनीति अमेरिका की ‘बुनियाद हिला देगी’। रेजाई ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि ईरान सैन्य कार्रवाई के साथ-साथ कूटनीति और आर्थिक प्रतिबंधों का मुकाबला करने के लिए भी नई रणनीति अपनाएगा।
