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जमीन खरीद विवाद में मोहन यादव

Bhopal, Oct 03 (ANI): Madhya Pradesh Chief Minister Mohan Yadav virtually interacts with the flood and yellow mosaic-affected farmers and transfer a relief amount of more than ₹653.34 crore to the affected farmers of 13 districts through a single click, in Bhopal on Friday. (@DrMohanYadav51 X/ANI Photo)

नई दिल्ली/भोपाल। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव जमीन खरीद के एक बड़े विवाद में फंस गए हैं। अंग्रेजी के अखबार ‘इंडियन एक्सप्रेस’ ने एक रिपोर्ट में बताया है कि मोहन यादव के मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने के बाद उनके परिवार ने बेहिसाब जमीन खरीदी है और सारी जमीनें उज्जैन में महाकाल मंदिर के लिए विकसित किए जा रहे क्षेत्रों के अलावा ऐसे इलाकों में हैं, जहां मोहन यादव की सरकार हजारों करोड़ रुपए की विकास परियोजनाएं चला रही है। इन इलाकों में मोहन यादव के परिवार के पास कुल 335 एकड़ जमीन है।

अखबार ने अपनी रिपोर्ट में दावा किया है कि मोहन यादव के मुख्यमंत्री बनने के बाद उन्होंने और उनके परिवार के अन्य सदस्यों ने इस इलाके में कम से कम 137 प्लॉट खरीदे हैं। इन प्लॉट्स का कुल रकबा करीब 168 एकड़ हैं। गौरतलब है कि मोहन यादव ने 13 दिसंबर 2023 को मुख्यमंत्री पद की शपथ ली थी। उसके बाद दो साल में उनके परिवार ने 168 एकड़ जमीन खरीदी है।

रिपोर्ट में बताया गया है कि शहर में हो रहे विकास कार्यों की वजह से इन प्लॉट्स की कीमत बेहिसाब बढ़ी। इस पड़ताल में 2026 में हुई खरीद बिक्री शामिल नहीं है। सरकारी रिकॉर्ड के मुताबिक ये प्लॉट्स मुख्यमंत्री मोहन यादव, उनकी पत्नी सीमा, बेटे वैभव और उनकी पत्नी शालिनी यादव के नाम हैं। इनके अलावा मोहन यादव के भाई नंदलाल और नारायण यादव, नारायण की पत्नी रेखा, उनके बेटे अभय यादव और चचेरे भाइयों गोविंद और नीलेश यादव ने भी प्लॉट्स खरीदे हैं।

मध्य प्रदेश के कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने रिपोर्ट सामने आने के बाद भाजपा पर हमला किया। उन्होंने कहा कि बीजेपी राम मंदिर के चंदे की कथित चोरी और महाकाल की जमीन से जुड़े मामले में शामिल है। पटवारी ने कहा कि मोदी जी ने खुली छूट दे रखी है। बहरहाल, अखबार की रिपोर्ट में कहा गया है कि ये जमीनें उज्जैन उसके आस पास घोषित नई सड़क परियोजनाओं के पास हैं या फिर उन इलाकों में हैं, जिन्हें उज्जैन मास्टर प्लान 2035 के तहत खेती वाली जमीन से रिहायशी या कॉमर्शियल जमीन में बदलने के लिए चिह्नित किया गया है।

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