नई दिल्ली। मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ विपक्ष एक बार फिर महाभियोग लाने की तैयारी कर रहा है। ‘द इंडियन एक्सप्रेस’ अखबार में चुनाव आयोग के कामकाज में ज्ञानेश कुमार की मनमानी की रिपोर्ट छपने के बाद विपक्षी पार्टियों ने उनके ऊपर हमला किया है। जानकार सूत्रों के हवाले से खबर है कि अगले दो हफ्ते के भीतर विपक्ष की ओर से ज्ञानेश कुमार के खिलाफ महाभियोग लाने का नोटिस दिया जा सकता है।
गौरतलब है कि इससे पहले अप्रैल में बजट सत्र के दौरान विपक्ष ने ज्ञानेश कुमार के खिलाफ महाभियोग नोटिस दिया था लेकिन लोकसभा में वह प्रस्ताव खारिज हो गया था। हालांकि राज्यसभा प्रस्ताव अब भी लंबित है। विपक्ष के जानकार सूत्रों के मुताबिक, इस बार भी महाभियोग प्रस्ताव कांग्रेस की ओर से ही दिया जाएगा। कांग्रेस ने इस मुद्दे पर विपक्षी दलों से बात की है। संभावना जताई गई है कि इसे अगले दो हफ्ते में पेश किया जाएगा।
इस बीच ज्ञानेश कुमार का मामला सुप्रीम कोर्ट भी पहुंचा है, जहां एक वकील ने भारत के अटॉर्नी जनरल को पत्र लिखकर ज्ञानेश कुमार के खिलाफ अवमानना कार्रवाई चलाने की मांग की है। हालांकि अवमानना कार्रवाई करने की मंजूरी मिलने की संभावना नहीं है। लेकिन किसी न किसी रूप में यह मामला सुप्रीम कोर्ट के सामने उठेगा। गौरतलब है कि मुख्य चुनाव आयुक्त और चुनाव आयुक्तों की नियुक्ति से जुड़ी याचिका को दो जजों की बेंच ने चीफ जस्टिस को भेज दिया है।
आज पूरे देश में कांग्रेस का प्रदर्शन
मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ प्रेस कॉन्फ्रेंस करके ही राहुल गांधी नहीं बैठने वाले हैं। उन्होंने अपनी पार्टी को सड़क पर उतरने का निर्देश दिया है। कांग्रेस पार्टी शुक्रवार, 25 सितंबर को सभी राज्यों में प्रदर्शन करेगी। कांग्रेस ने सभी राज्य इकाइयों को निर्देश दिया है कि वे 25 सितंबर को अपने राज्य चुनाव आयोग कार्यालयों तक विरोध मार्च निकालें। इसके तीन दिन के बाद जिला स्तर तक इसी तरह का प्रदर्शन होगा।
कांग्रेस की ओर से कहा गया है कि राज्यों में प्रदर्शन के दौरान मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार की गिरफ्तारी और उन्हें पद से हटाने की मांग की जाएगी। प्रदर्शन के दूसरे चरण में, सभी जिला कांग्रेस कमेटी 28 सितंबर को अपने अपने जिला कलेक्टर कार्यालयों तक इसी तरह के विरोध मार्च निकालेंगी।
