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सिस्टम बनाम स्टूडेंट्स: राहुल

Wayanad, Sep 20 (ANI): Lok Sabha LoP and Congress MP Rahul Gandhi speaks during the inauguration of the Oommen Chandy Memorial Auditorium at Kottathara, in Wayanad on Saturday. (AICC/ANI Photo)

इंदौर। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी की इंदौर में आखिरकार सभा हुई। बड़ी जद्दोजहद और बहुत सारी पाबंदियों के साथ राहुल को इंदौर में ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम करने की अनुमति मिली। शनिवार की शाम को उन्होंने बड़ी संख्या में मौजूद युवाओं और छात्रों को संबोधित किया। राहुल ने कहा कि उनके कार्यक्रम की थीम है, ‘सिस्टम बनाम स्टूडेंट्स’! राहुल ने अपने भाषण में कहा कि सिस्टम पर छात्रों को भरोसा नहीं है और सिस्टम भी छात्रों की बजाय अंधभक्तों पर ज्यादा ध्यान दे रहा है। राहुल ने अपने भाषण में असली छात्र और अंधभक्त के बीच का अंतर भी समझाया।

इंदौर के आईडीए मैदान पर राहुल के कार्यक्रम में करीब 25 हजार युवा पहुंचे थे। कांग्रेस का दावा है कि दो लाख से ज्यादा युवाओं और छात्रों ने इसके लिए पंजीकरण कराया था। कांग्रेस ने 35 साल से कम उम्र के युवाओं को ही इस कार्यक्रम में प्रवेश दिया था। उनके साथ सवाल-जवाब के दौरान राहुल ने कहा, ‘सिस्टम नहीं चाहता कि स्टूडेंट्स सवाल पूछें, इसलिए वह अंधभक्त पैदा करता है’। उन्होंने कहा, ‘छात्रों का सिस्टम से भरोसा उठ गया है, हालांकि कुछ जगह कैंडिडेट्स की भी गलती है’। इस पर सामने बैठे छात्रों ने जवाब दिया, ‘सर, हम सिस्टम से हार गए’।

राहुल इससे पहले राजस्थान से लेकर उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश सहित चार जगह ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम कर चुके हैं। इंदौर में उनका पांचवां कार्यक्रम था। इसमें उन्होंने सरकार को सिस्टम बताते हुए उस पर हमला किया। उन्होंने कहा, ‘सिस्टम को चलाने वालों के बच्चों को देखिए वे इंदौर में पढ़ रहे हें या विदेश में? ये देश के युवाओ को अंधभक्त बनाना चाहते हें। अपने बच्चों को बाहर भेजेंगे पढ़ने के लिए’। राहुल ने कहा, ‘हमने शुरुआत में कहा कि स्टूडेंट देश को बनाता है, शिक्षा देश की नींव है, यह हर स्टूडेंट का हक है। स्कूल मिडडे मील से लेकर कॉलेज और कॉलेज से रोजगार तक पहुंचाना, ये सरकार का काम है’।

राहुल गांधी ने आगे कहा, ‘अब इंटरेस्टिंग बात बताता हूं। सिस्टम को स्टूडेंट से खतरा है। क्यों खतरा है, क्योंकि स्टूडेंट सवाल पूछता है’। उन्होंने कहा, ‘स्टूडेंट सवाल करता है कि अमित शाह जी के बेटे क्रिकेट एसोसिएशन के चेयरमैन कैसे बन गए? स्टूडेंट पूछता है कि हिंदुस्तान के पूरे बिजनेस को दो लोगों ने कैसे कैप्चर कर लिया? स्टूडेंट यह भी पूछता है कि ज्यूडिशियरी और बाकी संस्थाएं अपना काम क्यों नहीं करतीं और इलेक्शन कमीशन अपना काम क्यों नहीं करता’?

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