नई दिल्ली। अमेरिका और ईरान के बीच दूसरे चरण में छठे दिन भी जंग जारी रही। लगातार छठी रात को अमेरिका ने ईरान पर हवाई हमले किया। ईरान ने भी पलटवार किया और कुवैत व बहरीन सहित कई खाड़ी देशों में अमेरिकी ठिकानों पर हमले किए। ईरान ने कहा कि पूरी शांति बहाल होने तक वह भी हमला करता रहेगा। अमेरिका ने गुरुवार रात के हमले में भारत के निवेश वाले चाबहार पोर्ट को भी निशाना बनाया।
अमेरिकी हमले में चाबहार पोर्ट के कंट्रोल टावर को नुकसान पहुंचा है। अमेरिका के रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने कंट्रोल टावर के क्षतिग्रस्त होने की तस्वीर भी शेयर की है। ईरानी मीडिया ने भी चाबहार पोर्ट और कंट्रोल टावर पर अमेरिकी हमले की पुष्टि की है। पिछले एक हफ्ते में इस टावर पर यह तीसरा हमला है। अमेरिकी सेना की सेंट्रल कमांड ने बताया कि लड़ाकू विमानों, ड्रोन और युद्धपोतों से ईरान के कई सैन्य ठिकानों पर हमला किया गया। गौरतलब है कि चाबहार पोर्ट भारत के लिए रणनीतिक रूप से अहम है। भारत ने इसके विकास में निवेश किया है और इसका संचालन भारतीय कंपनी इंडिया पोर्ट्स ग्लोबल लिमिटेड कर रही है।
दूसरी ओर इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स यानी आईआरजीसी की एयरोस्पेस फोर्स के कमांडर सैयद मजीद मौसवी ने कहा कि होर्मुज की खाड़ी और दक्षिणी तट पर शांति बहाल होने तक दुश्मन के खिलाफ ईरान के हमले जारी रहेंगे। ईरान ने कुवैत के ऊपर हमला किया है। कुवैत ने इसकी पुष्टि करते हुए कहा कि ईरानी हमलों में उसकी जमीनी सेना के कई सैनिक घायल हुए हैं। हमलों में कई सैन्य ठिकानों और शिविरों को निशाना बनाया गया। इस बीच इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू शनिवार को अमेरिका जाएंगे। बताया जा रहा है कि नेतन्याहू इस दौरान अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से मिलना चाहते हैं, लेकिन अभी तक यह तय नहीं है कि दोनों नेताओं की मुलाकात होगी या नहीं।
