केरल में तमाम चुनाव पूर्व सर्वेक्षणों में कांग्रेस के बेहतर प्रदर्शन के अनुमान लगाए जा रहे हैं। ज्यादातर सर्वे बता रहे हैं कि इस बार कांग्रेस सरकार बना सकती है। तभी चुनाव से पहले ही कांग्रेस पार्टी के नेताओं में मुख्यमंत्री पद की खींचतान शुरू हो गई है। पार्टी के बड़े नेता खेमों में बंटने लगे हैं। एक तरफ कांग्रेस के सबसे वरिष्ठ और अनुभवी नेताओं में से एक रमेश चेन्निथला हैं तो दूसरी ओर कांग्रेस के संगठन महासचिव और राहुल गांधी के करीबी केसी वेणुगोपाल यानी केसीवी हैं। इनके अलावा विधायक दल के नेता वीडी सतीशन भी दावेदार हैं। लेकिन चेन्निथला बनाम केसीवी के मुकाबले में वे थोड़े पिछड़ते दिख रहे हैं।
पार्टी के वरिष्ठ नेता और पार्टी के सांसद के सुधाकरण ने खुल कर कहा है कि रमेश चेन्निथला को राज्य का मुख्यमंत्री बनना चाहिए। पार्टी के एक और वरिष्ठ नेता और राज्यसभा में उप सभापति रहे पीजे कुरियन ने भी कहा है कि चेन्निथला मुख्यमंत्री पद के सबसे उपयुक्त दावेदार हैं। कांग्रेस के कई पुराने नेताओं का यह भी कहना है कि 10 साल पहले यानी वाम मोर्चा के सरकार में आने से पहले भी जब कांग्रेस की सरकार बनी और ओमन चांडी को मुख्यमंत्री बनाया गया तो रमेश चेन्निथला का हक मार कर एके एंटनी ने चांडी को सीएम बनवाया था। इसका अर्थ है कि चेन्निथला दशकों से सीएम पद के दावेदार हैं। इस बार कांग्रेस के नेता उनके लिए मौका मान रहे हैं तो दूसरी ओर केसी वेणुगोपाल के समर्थक पूरे भरोसे में हैं कि राहुल गांधी उनको सीएम बनाएंगे।
