Naya India-Hindi News, Latest Hindi News, Breaking News, Hindi Samachar

हिमाचल के कांग्रेस नेता क्षेत्रीयता बढ़ा रहे

हिमाचल प्रदेश में भाषा और नस्ल के आधार पर भेदभाव की खबरें नहीं आती हैं। बाहर से आ रहे मुसलमानों के प्रति नाराजगी लोगों में बढ़ी है और मस्जिदों के अवैध निर्माण को तोड़ने की घटनाएं भी हुई हैं। लेकिन बाहरी और भीतरी का वैसा विवाद कभी नहीं रहा, जैसा दक्षिण या पूर्वी भारत के राज्यों में है। फिर भी अचानक कांग्रेस के बड़े नेता और राज्य सरकार के मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने बिहाऱ और उत्तर प्रदेश के लोगों पर भड़ास निकाली। उन्होंने राज्य में काम करने वाले बिहार और उत्तर प्रदेश के अधिकारियों को निशाना बनाया। इससे पहले राज्य के उप मुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने भी इसी तरह निशाना साधा था।

विक्रमादित्य सिंह ने आरोप लगाया है कि हिमाचल प्रदेश में काम कर रहे बिहार और उत्तर प्रदेश के अधिकारी हिमाचलियत का अपमान कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि अधिकारी सेवा करें, अपने को शासक समझने की भूल न करें। सोचें, हर राज्य में दूसरे राज्य के अधिकारी काम करते हैं। अखिल भारतीय सेवा का सिद्धांत ही यही है। दूसरे, हर राज्य के अधिकारी एक ही जैसा काम करते हैं। फिर बिहार और उत्तर प्रदेश के अधिकारियों को निशाना बनाने का क्या मतलब है? अगर किसी खास अधिकारी ने कोई ऐसा काम किया है, जो हिमाचल की संस्कृति का अपमान है तो उस पर कार्रवाई होनी चाहिए। इस तरह के बयान से अखिल भारतीय सेवा की भावना और अधिकारियों के हितों को नुकसान होता है। हिमाचल प्रदेश के भी अनेक अधिकारी बिहार और उत्तर प्रदेश में पोस्टेड होंगे।

Exit mobile version