तमिलनाडु भाजपा के सुपरस्टार और सिंघम के नाम से मशहूर पूर्व आईपीएस अधिकारी के अन्नामलाई इस बार विधानसभा का चुनाव नहीं लड़ रहे हैं। भाजपा ने अपने कोटे की सभी 27 सीटों के लिए उम्मीदवारों के नाम का ऐलान कर दिया। उसमें अन्नामलाई को जगह नहीं मिली। जिस समय टिकट का ऐलान हुआ उस समय वे केरल और पुडुचेरी के प्रचार में व्यस्त थे। इन दोनों राज्यों में नौ अप्रैल को वोटिंग होने वाली है। भाजपा इन दोनों राज्यों में अन्नामलाई को प्रचार का जिम्मा दिया है। उनके चुनाव नहीं लड़ने से भाजपा के जमीनी कार्यकर्ताओं को निराशा हुई है। लेकिन कहा जा रह है कि चुनाव नहीं लड़ने का फैसला उनका अपना था। असल में वे जिस सीट से चुनाव लड़ना चाहते थे वह सीट अन्ना डीएमके ने भाजपा के लिए नहीं छोड़ी।
ध्यान रहे के अन्नामलाई 2021 का विधानसभा चुनाव और 2024 का लोकसभा चुनाव लड़े थे और हार गए थे। वे कोयम्बटूर से लोकसभा का चुनाव लड़े थे। हारने के बाद से ही चर्चा थी कि इस बार वे शिंगनालूर विधानसभा सीट से लड़ेंगे। अगर वहां से टिकट नहीं हो पाती है तो उनकी दूसरी पसंद कोयम्बटूर उत्तर की सीट थी। तमिलनाडु की एनडीए को लीड कर रही अन्ना डीएमके के नेता ई पलानीस्वामी ने दोनों में से कोई भी सीट नहीं छोड़ी। इसके बाद अन्नामलाई के लिए कोई विकल्प नहीं बचा। वे किसी मुश्किल सीट से लड़ कर फिर हारना नहीं चाहते थे। तभी अब कहा जा रहा है कि वे पूरे राज्य में पार्टी का प्रचार करेंगे। साथ ही यह भी कहा जा रहा है कि जून में होने वाले राज्यसभा चुनाव में उनको किसी दूसरे राज्य से उच्च सदन भेजा जा सकता है। मध्य प्रदेश में भाजपा के जॉर्ज कुरियन रिटायर हो रहे हैं। उनकी जगह भाजपा अन्नामलाई को भेज सकती है। किसी दूसरे राज्य से भी उनको उच्च सदन भेजा जा सकता है।
