नई दिल्ली। दो महीने के युद्धविराम समझौते पर दस्तखत के बाद अमेरिका और ईरान के बीच वार्ता की शर्तों पर बातचीत शुरू हो गई है। पहले दौर में दोनों देशों के बीच परमाणु कार्यक्रम की निगरानी और ईरान की फ्रीज की गई संपत्ति को खोलने के मुद्दे पर बातचीत हुई। स्विट्जरलैंड में दोनों देशों के प्रतिनिधियों के बीच करीब 80 मिनट बातचीत हुई। उसके बाद वार्ता रूक गई और दोनों देशों के प्रतिनिधि वापस लौट गए। आंतरिक वार्ता के बाद फिर दूसरे दौर की बातचीत शुरू होगी। अमेरिका की ओर से उप राष्ट्रपति जेडी वेंस शामिल हुए।
सवा घंटे से कुछ ज्यादा की चर्चा के बाद ईरान ने कहा, ‘हमने अपनी फ्रीज की गई संपत्ति को वापस करने पर चर्चा की। साथ ही ईरान के एनर्जी सेक्टर पर लगे प्रतिबंधों में ढील देने पर भी बात हुई’। अमेरिकी उप राष्ट्रपति जेडी वेंस ने वार्ता के दौरान कहा कि पिछले कुछ घंटों में अच्छी प्रगति हुई है। उन्होंने कहा कि अमेरिका और ईरान मिलकर शांति और समृद्धि के लिए काम कर सकते हैं।
उप राष्ट्रपति वेंस ने वार्ता को लेकर कहा, ‘ट्रंप चाहते हैं कि दोनों देशों के रिश्तों में नया अध्याय शुरू हो और अगले 10 साल में पश्चिम एशिया की तस्वीर बदल जाए’। उन्होंने कहा, ‘पाकिस्तान और कतर की मध्यस्थता में चल रही इस वार्ता का मकसद क्षेत्र में तनाव कम करना और स्थायी शांति की दिशा में आगे बढ़ना है’। पहले दौर की वार्ता के बाद ईरानी मीडिया ने खबर दी है कि दोनों पक्ष अपने अपने स्तर पर आंतरिक चर्चा के लिए लौटे हैं। बताया गया है कि आगे की रणनीति और प्रस्तावों पर विचार के लिए वार्ता को अस्थायी रूप से रोक दिया गया। फिलहाल इसे बातचीत का टूटना नहीं माना जा रहा है। दोनों पक्षों के बीच आगे भी चर्चा जारी रहने की उम्मीद है।
