नई दिल्ली। दो दिन के बाद एक बार फिर विपक्षी पार्टियों का गठबंधन यानी ‘इंडिया’ ब्लॉक मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ प्रदर्शन करेगा। यह पहली बार है जब विपक्षी पार्टियों ने सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस से मिलने का समय मांगा है। राहुल गांधी ने रविवार को एक वीडियो जारी किया, जिसमें हाथ में संविधान लेकर उन्होंने लोगों से साथ आने की अपील की। राहुल ने लोगों से अपने साथ सुप्रीम कोर्ट चलने की अपील की।
राहुल गांधी ने रविवार को जारी वीडियो में हाथ में संविधान की कॉपी लेकर कहा, ‘सभी दल हमारे साथ आएं और सोमवार को सुप्रीम कोर्ट चलें। ये मोदी, शाह, डोभाल, मोहन भागवत हमारी आवाज नहीं दबा सकते। उनको हटना पड़ेगा’। राहुल ने प्रदर्शनकारियों के समर्थन में भी एक पोस्ट डाली, जिसमें उन्होंने कहा, ‘कल देश के युवा दिल्ली में शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन करने के लिए निकले। वे अपने दिलों में प्रेम लेकर आए थे, न कि नफरत या क्रोध। पुलिस और भाजपा के गुंडों ने उन पर हमला किया। यह वह भारत नहीं है जो हम चाहते हैं’।
कांग्रेस के संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल ने भी रविवार को बताया कि मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ विपक्ष सोमवार को दिल्ली में मार्च निकालेगा। बताया जा रहा है कि विपक्षी सांसद जंतर मंतर भी जा सकते हैं। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि राहुल गांधी चीफ जस्टिस सूर्यकांत से मुलाकात करेंगे। शाम चार से पांच बजे के बीच मिलने का समय मांगा गया है। उन्होंने कहा, ‘हम चीफ जस्टिस को देश में लोकतंत्र की मौजूदा स्थिति से अवगत कराएंगे’। उन्होंने केंद्र सरकार पर चुनाव आयोग की स्वायत्तता कमजोर करने और ‘वोट चोरी’ जारी रखने का आरोप लगाया।
इससे पहले विपक्षी सांसदों ने छह से नौ अक्टूबर के बीच मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे और एसआईआऱ के विरोध में प्रदर्शन किया था। इस दौरान तीन बार राहुल और प्रियंका गांधी को पुलिस ने हिरासत में भी लिया। विपक्षी सांसदों ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से भी मुलाकात की।
