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कांग्रेस ने दिल्ली में दम दिखाया है

Jharkhand Assembly Election

दिल्ली विधानसभा चुनाव में कहा जा रहा था कि आम आदमी पार्टी के साथ कांग्रेस का तालमेल होगा और अरविंद केजरीवाल कांग्रेस के लिए 15 सीटें छोड़ेंगे। लेकिन केजरीवाल ने दो टूक अंदाज में कहा कि कोई तालमेल नहीं होगा और उसके अगले ही दिन कांग्रेस ने 21 उम्मीदवारों की पहली सूची जारी की। कांग्रेस ने इंतजार नहीं किया। केजरीवाल ने 31 सीटों पर इधर उधऱ से लाकर उम्मीदवार घोषित किए तो उसके मुकाबले कांग्रेस ने पहली सूची में अपनी पार्टी के तमाम दिग्गज उम्मीदवारों को उतार दिया। कांग्रेस ने दिखाया कि इस बार वह औपचारिकता के लिए चुनाव नहीं लड़ेगी। कांग्रेस के नेता मान रहे हैं कि दिल्ली में उनके पास खोने के लिए कुछ नहीं है। पिछले चुनाव में कांग्रेस को पांच फीसदी के करीब वोट मिला था। उससे पहले साढ़े नौ फीसदी और उससे पहले साढ़े 24 फीसदी वोट मिला था। इस बार कांग्रेस अपना खोया हुआ वोट आधार हासिल करने के लिए लड़ रही है।

कांग्रेस ने नई दिल्ली सीट पर पूर्व मुख्यमंत्री दिवंगत शीला दीक्षित के बेटे संदीप दीक्षित को उतारा है। केजरीवाल कह रहे हैं कि यह लड़ाई एक मुख्यमंत्री के बेटे और आम आदमी के बीच है। लेकिन असल में कांग्रेस ने एक पूर्व मुख्यमंत्री और आम आदमी का मुकाबला बनवाया है। अगर भाजपा ने इस सीट से पूर्व मुख्यमंत्री साहिब सिंह वर्मा के बेटे प्रवेश वर्मा को उतार दिया तो लड़ाई और दिलचस्प हो जाएगी। इसी तरह कांग्रेस ने दिल्ली की दलित राजनीति में बेहद चर्चित रहे जयकिशन को उनकी पुरानी सुल्तानपुर माजरा सीट से उतारा है। दिल्ली में कांग्रेस के सबसे सक्रिय रहे नेताओं में से एक अभिषेक दत्त कस्तूरबा नगर सीट से लड़ेंगे। आम आदमी पार्टी छोड़ने वाले विधायक अब्दुल रहमान को कांग्रेस ने उनकी मौजूदा सीलमपुर सीट से उम्मीदवार बनाया है। इसी तरह लालबहादुर शास्त्री के पोते और आप के पूर्व विधायक आदर्श शास्त्री को द्वारका से टिकट दिया गया है। कांग्रेस के दिग्गज नेता जयप्रकाश अग्रवाल के बेटे मुदित अग्रवाल को चांदनी चौक से टिकट मिली है तो प्रदेश अध्यक्ष देवेंद्र यादव खुद अपनी पारंपरिक बादली सीट से चुनाव लड़ रहे हैं। बल्लीमारान से हारून यूसुफ और सदर बाजार से अनिल भारद्वाज चुनाव लड़ रहे हैं। इस तरह से कह सकते हैं कि कांग्रेस की 21 उम्मीदवारों की पहली सूची में कम से कम आधी सीटें ऐसी हैं, जहां कांग्रेस के उम्मीदवार बहुत मजबूती से लड़ेंगे और किसी न किसी रूप में नतीजे को प्रभावित करेंगे।

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