भारतीय जनता पार्टी ने इस बार पश्चिम बंगाल के चुनाव में बड़े नेताओं और बड़े चेहरों पर दांव लगाया है। अपने लगभग सभी बड़े नेताओं को पार्टी में चुनाव में उतारा है। शुभेंदु अधिकारी दो सीटों से चुनाव लड़ रहे हैं तो पार्टी के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष दिलीप घोष भी मैदान में हैं। पूर्व केंद्रीय मंत्री निशिथ प्रमाणिक को भी पार्टी ने चुनाव में उतारा है तो पूर्व सांसद और महाभारत सीरियल से मशहूर हुई अभिनेत्री रूपा गांगुली को भी टिकट दिया है। भाजपा को लग रहा है कि बड़े नेताओं की लोकप्रियता का असर आसपास की सीटों पर भी होगा। ब़ड़े चेहरों के साथ साथ पार्टी ने टिकट बांटने में परिवारवाद के नियमों को भी ताक पर रख दिया है।
इसकी एक मिसाल पूर्व सांसद अर्जुन सिंह हैं। उनका उत्तर 24 परगना के इलाके में अच्छा खासा असर है। हालांकि वे बैरकपुर सीट से चुनाव हार गए हैं। लेकिन उनका असर कम नहीं हुआ है। इसका लाभ लेने के लिए भाजपा ने अर्जुन सिंह को नोआपारा सीट से विधानसभा चुनाव में उतारा है। साथ साथ उनके बेटे पवन सिंह को भाटपारा सीट से टिकट दी है। आमतौर पर भाजपा कहती रही है कि पिता और पुत्र एक साथ चुनाव में नहीं उतारेंगे। लेकिन ऐसा लग रहा है कि पश्चिम बंगाल इन बातों का अपवाद है।
