Commonwealth Games

  • कॉमनवेल्थ पदक विजेताओं से मिले मोदी

    नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को ग्लासगो कॉमनवेल्थ खेलों में पदक जीतने वाले भारतीय खिलाड़ियों से मुलाकात की। प्रधानमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम पर खिलाड़ियों के साथ एक रील शेयर की। 32 सेकेंड की इस रील में वे गोल्ड मेडलिस्ट मुक्केबाज साक्षी चौधरी और अन्य खिलाड़ियों के साथ नजर आए। इसमें प्रधानमंत्री ने कहा, ‘जो खेलेगा, वो खिलेगा’। उन्होंने आगे कहा, 'ऑल्वेज चीयर फॉर भारत…भारत माता की जय'। गौरतलब है कि भारत ने कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में 13 गोल्ड, 17 सिल्वर और नौ ब्रॉन्ज समेत कुल 39 मेडल जीते। भारत मेडल टैली में चौथे नंबर पर रहा।...

  • शान के साथ विदा

    भारत के पदकों में सबसे ज्यादा योगदान एथलेटिक्स एवं पैरा-एथलेटिक्स का रहा, जिसमें 16 मेडल हासिल हुए। मगर, भारत की शान बढ़ाने का सबसे ज्यादा श्रेय बॉक्सरों को है, जिन्होंने सात स्वर्ण सहित 10 पदक जीते। कॉमनवेल्थ गेम्स से भारतीय दल ने शान से विदाई ली है। स्कॉटलैंड के ग्लासगो में 11 दिन के इस आयोजन के आरंभिक दिनों में पदक तालिका में पिछड़े रहने के कारण भारत में मायूसी छायी रही, लेकिन अंतिम दो दिनों में भारतीय खिलाड़ियों ने कहानी पलट दी। आखिरकार 13 स्वर्ण, 17 रजत, और 9 कांस्य पदकों सहित कुल 39 मेडल्स के साथ भारत चौथे...

  • कॉमनवेल्थ खेलों में भारत के लिए शनिवार शानदार

    नई दिल्ली। ग्लासगो में चल रहे कॉमनवेल्थ खेलों में शनिवार की शाम तक खिलाड़ियों ने भारत को तीन और गोल्ड दिलाए। रात तक और भी पदक मिलने की उम्मीद है। देर शाम तक भारत के आठ गोल्ड मेडल हो गए थे और कुल पदकों की संख्या 30 पहुंच गई थी। इस तरह भारत पदक तालिका में छठे स्थान पर पहुंच गया था। शनिवार को जैस्मिन लांबोरिया ने महिलाओं के मुक्केबाजी मुकाबले में 57 किलो भार वर्ग में और प्रीति पवार ने 54 किलो की कैटेगरी में भारत को गोल्ड दिलाया। इनके साथ ही सोमन राणा ने पैरा शॉटपुट की एफ...

  • शर्मिला ने पैरा शॉट पुट में गोल्ड जीतकर इतिहास रचा

    शर्मिला धनखड़ ने कॉमनवेल्थ गेम्स में भारत की पहली पैरा एथलेटिक्स गोल्ड मेडलिस्ट बनकर रिकॉर्ड बुक में अपना नाम दर्ज कराया। वहीं, उनकी साथी खिलाड़ी शिल्पा के. शायला ने महिलाओं के शॉट पुट ऍफ़ 57 इवेंट में ब्रॉन्ज़ मेडल जीता। सोमवार को देश के पैरा एथलीटों ने यहां यादगार प्रदर्शन किया। धनखड़ ने 9.81 मीटर का अपना सीजन-बेस्ट थ्रो करके गोल्ड मेडल जीता और कॉमनवेल्थ गेम्स में पैरा एथलेटिक्स मेडल के लिए भारत के दो दशक लंबे इंतजार को खत्म किया। इस जीत के साथ ही वह हर चार साल में होने वाले इस इवेंट में पैरा एथलेटिक्स गोल्ड जीतने...

  • डोपिंग का संगीन साया

    वाडा और एआईयू जैसी संस्थाओं की रिपोर्टों से भारत में इस समस्या के लगातार गहराने की पुष्टि हुई है, लेकिन खेल संस्थाओं या सरकार ने इस दिशा में कोई सख्त एवं प्रभावी पहल नहीं की है। स्कॉटलैंड के ग्लासगो में चल रहे कॉमनवेल्थ गेम्स के पहले ही दिन जुडो खिलाड़ी अरुण कुमार को डोप टेस्ट में पॉजिटिव पाए जाने के कारण इस आयोजन से बाहर कर दिया गया। इसके पहले कई अन्य भारतीय खिलाड़ियों को भी इसी टेस्ट में फेल होने के कारण इन खेलों में भाग लेने से रोक दिया गया था। खेलों की दुनिया में भारत के लिए...

  • राष्ट्रमंडल खेलों के लिए जोर-शोर से चल रही है भारतीय खिलाड़ियों की तैयारियां

    आयोजकों ने भले ही ग्लास्गो राष्ट्रमंडल खेलों में प्रतियोगिताओं के दायरे को घटा दिया हो लेकिन भारत इस बहु खेल प्रतियोगिता में शानदार प्रदर्शन सुनिश्चित करने में कोई कसर नहीं छोड़ रहा है। भारत की एथलेटिक्स टीम तैयारी के लिए पोलैंड और मुक्केबाज आयरलैंड जाएंगे जबकि भारोत्तोलक पहले ही बर्मिंघम के लिए रवाना हो चुके हैं। ये खेल 23 जुलाई से दो अगस्त तक होने हैं और इनमें शारीरिक रूप से सामान्य खिलाड़ियों के लिए 10 और पैरा खिलाड़ियों के लिए छह खेल शामिल होंगे। खर्च कम करने के लिए शहर में पूरे टूर्नामेंट का आयोजन आठ मील (12.8 किमी)...

  • कॉमनवेल्थ गेम्स की मेजबानी करेगा अहमदाबाद!

    नई दिल्ली। अब यह लगभग तय हो गया है कि 20 साल के बाद एक बार फिर कॉमनवेल्थ गेम्स की मेजबानी भारत को मिलने वाली है। 2030 के कॉमनवेल्थ गेम्स की मेजबानी अहमदाबाद को मिल सकती है। कॉमनवेल्थ गेम्स के कार्यकारी बोर्ड ने 2030 के गेम्स की मेजबानी के लिए अहमदाबाद का नाम प्रस्तावित करने का फैसला किया है। बोर्ड के प्रस्ताव पर 26 नवंबर को ग्लासगो में अंतिम फैसला होगा। लेकिन बोर्ड ने अंतिम तौर पर नाइजीरिया और भारत में से भारत के नाम की सिफारिश की है तो यह तय है कि मेजबानी भारत को मिलने जा रही...

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