निजीकरण के रास्ते पर सरकार!

अब यह व्यंग्य की बात नहीं रही कि भारत में सरकार को छोड़ कर हर चीज…

दिल्ली जैसी अराजकता और कहां?

जी हां, दिल्ली दुनिया की सबसे अराजक राजधानी बन गई है। ईरान, इराक, सीरिया, लेबनान जैसे…

सारे फसाने में जिसका जिक्र न था!

फैज अहमद फैज की जिस नज्म पर इन दिनों भारत में बहस छिड़ी है और इक्का…

विपक्ष कैसे करेगा अपना पक्ष साबित?

नागरिकता कानून पर भाजपा ने अपना पक्ष सफलतापूर्वक साबित कर दिया है। भले भाजपा के नेता…

नागरिकता सांप्रदायिक मामला ही है!

यह कहना जोखिम भरा है पर अगर नहीं कहा गया तो वह हकीकत से मुंह छिपाने…

हेमंत सोरेन पर विपक्ष का गोवर्धन!

हेमंत सोरेन ने शायद ही कभी सोचा होगा कि वे चुनाव जीत कर मुख्यमंत्री बनेंगे तो…

मोदी, शाह क्या सुन रहे हैं खतरे की घंटी?

भारतीय जनता पार्टी के दोनों शीर्ष नेता क्या खतरे की घंटी सुन पा रहे हैं या…

झारखंड के नतीजों का सस्पेंस

झारखंड में पांच चरण के मतदान के बाद एक्जिट पोल के अनुमान आ गए हैं। इसलिए…

क्यों डर रही है सरकार?

आंदोलन, प्रदर्शन और धरने से लोकतंत्र की खूबसूरत तस्वीरें बनती हैं। कितने अच्छे ढंग से इस…

हिंसा से बदल जाएगी दिल्ली की हवा!

दिल्ली की हवा से पराली का धुआं निकल गया है पर लंबे अरसे के बाद दिल्ली…

राहुल ने खुद भटका दी बहस!

राहुल गांधी ने ऐसा क्यों किया? ‘रेप इन इंडिया’ वाले बयान पर भाजपा के हंगामे का…

नीतीश की सत्तानिष्ठ राजनीति

रामविलास पासवान या शरद पवार नाहक बदनाम हैं कि वे मौसम विज्ञानी हैं और सत्ता की…