लापरवाही : वैक्सीन की डोज के दौरान टूट गई थी सुई, बताया तक नहीं अब काम नहीं कर रहे हाथ-पांव…

स्वास्थ्य विभाग की एक बड़ी लापरवाही सामने आई है. जानकारी के अनुसार एक युवक को हाथ में जब कोरोना की वैक्सीन दी जा रही थी…

Snake Soup बनाने के लिए शेफ ने किये थे कोबरा के कई टुकड़े, फिर भी डस लिया सांप ने, मौत

चीन के दक्षिणी हिस्से में एक शेफ को सांप के मांस का सूप बनाना काफी महंगा पड़ गया, कचरे के ढेर में फेंकने के लिए सांप का सर उठाया तो उसने शेफ को डस लिया

महिला ने ऑपरेशन टेबल पर किया हनुमान चालीसा का पाठ, दिल्ली एम्स के डॉक्टर्स ने बिना बेहोशी के कर डाली ब्रेन सर्जरी

महिला ने ऑपरेशन टेबल पर किया हनुमान चालीसा का पाठ, दिल्ली एम्स के डॉक्टर्स ने बिना बेहोशी के कर डाली ब्रेन सर्जरी

Corona Fear : 15 महीने तक कमरे से बाहर नहीं आईं 3 बेटियां और मां, पुलिस ने रेस्क्यू कर पहुंचाया अस्तपाल

हैदराबाद | locked in home for 15 months : देश में कोरोना की पहली और दूसरी लहर के दौरान कई किस्से और कहानियां प्रचलिक हुईं. लेकिन आज हम आपको जो बताने जा रहे हैं वो सुनकर आपको भी हैरानी हो सकती है. जानकारी के अनुसार पिछले 15 महीने मतलब कि 1.5 साल से एक परिवार घर से ही नहीं निकला था. कोरोना का डर इनके मन में ऐसा समया कि इन्होंने घर से निकलना तो छोड़िए अपने घर की 3 बेटियों को एक अंधेेरे कमरे में इतने लंबे समय अंतराल के लिए बंद कर लिया. अब जब इस बात खुलासा हुआ है तो लोगों में भी कौतुहल का विषय बन गया है. 15 महिने के बाद जब लोगों इस परिवार का हाल जानने और घर के लोगों के बारे में पता लगाने की कोशिश की तब जाकर मामले का खुलासा हो सका. सिर्फ पिता या भाई ही निकलते थे बाहर, अब बाहर ही नहीं निकलना चाह रहा था परिवार locked in home for 15 months : यह मामला आंध्र प्रदेश के हैदराबाद में गोदावरी लगर इलाके का है. कोरोना की दूसरी लहर के कमजोर पड़ने के बाद जब जन-जीवन सामान्य होने लगा तो लोग घरों के बाहर आने लगे. लेकिन… Continue reading Corona Fear : 15 महीने तक कमरे से बाहर नहीं आईं 3 बेटियां और मां, पुलिस ने रेस्क्यू कर पहुंचाया अस्तपाल

डॉक्टरों के लिए भारत रत्न की मांग

नई दिल्ली। राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कोरोना वायरस की महामारी के दौरान लोगों का इलाज करते हुए जान गंवाने वाले डॉक्टरों और स्वास्थ्यकर्मियों को भारत रत्न देने की मांग की है। उनसे पहले झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री बन्ना गुप्ता ने प्रधानमंत्री को चिट्ठी लिख कर कहा था कि भारत में कोरोना वायरस को रोकने वाला स्वदेशी टीका बनाने वाले वैज्ञानिकों को भारत रत्न दिया जाए। अब दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने प्रधानमंत्री को चिट्ठी लिख कर कोरोना से जान गंवाने वाले डॉक्टर, नर्स और दूसरे स्वास्थ्यकर्मियों के लिए भारत रत्न की मांग की है। प्रधानमंत्री को लिखी चिट्‌ठी में केजरीवाल ने कहा कि महामारी के समय स्वास्थ्यकर्मियों ने जिस तरह देश की सेवा की है, उसे भुलाया नहीं जा सकता, इसलिए पूरी हेल्थकेयर कम्युनिटी को सम्मानित किया जाना चाहिए। केजरीवाल ने अपनी चिट्‌ठी में लिखा है- मैं केंद्र सरकार से अपील करता हूं कि इस साल का भारत रत्न डॉक्टरों को दिया जाए। उन्हें सम्मानित करने का इससे अच्छा कोई और तरीका नहीं हो सकता। इंडियन मेडिकल एसोसिएशन के मुताबिक देश में कोरोना से अब तक 1,492 डॉक्टरों की मौत हो चुकी है। इसके अलावा कई दूसरे स्वास्थ्यकर्मियों की जान भी संक्रमण की वजह से… Continue reading डॉक्टरों के लिए भारत रत्न की मांग

मरीजों पर मॉक ड्रिल, अस्पताल को क्लीन चिट

नई दिल्ली। उत्तर प्रदेश के आगरा में कोरोना मरीजों पर मॉक ड्रिल करके उनकी जान लेने के आरोपी अस्पताल को राज्य सरकार ने क्लीन चिट दे दी है। जांच में कहा गया है कि ज्यादातर मरीज दूसरी गंभीर बीमारी से ग्रसित थे और इसी वजह से उनकी मौत हुई थी। कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी ने इसे लेकर राज्य सरकार पर तीखा हमला किया है और कहा है कि सरकार ने भी मॉक ड्रिल की है। गौरतलब है कि आगरा में एक निजी अस्पताल में ऑक्सीजन मॉक ड्रिल के दौरान कई मरीजों की मौत होने के आरोप लगे थे। इस अस्पताल के मालिक का एक ऑडियो भी वायरल हुआ था, जिसमें वो कथित रूप से कहते हैं कि 27 अप्रैल को उन्होंने पांच मिनट के लिए ऑक्सीजन सप्लाई बंद कर दी थी। इस घटना की जानकारी सामने आने के बाद सरकार ने आगरा के श्री पारस अस्पताल में 16 मरीजों की मौत की जांच के आदेश दिए थे। जांच रिपोर्ट में अस्पताल को क्लीन चिट देते हुए कहा गया है मॉक ड्रिल की वजह से मरीजों की मौत नहीं हुई थी। जांचकर्ताओं की एक कमेटी ने अपनी रिपोर्ट में कहा है- सभी मरीजों की मौत गंभीर हालत या गंभीर कोमोर्बिडिटी यानी… Continue reading मरीजों पर मॉक ड्रिल, अस्पताल को क्लीन चिट

क्या कोरोना की पहली और दूसरी लहर से हम कुछ सीख पाये हैं.. तीसरी लहर भी 6 से 8 हफ्तों में आने की संभावना -डॉ रणदीप गुलेरिया

नई दिल्ली |  भारत में हाल ही में कोरोना की दूसरी लहर के मामलों में गिरावट होनी शुरु हुई है। सरकारों ने अनलॉक की प्रक्रिया शुरु कर दी है। लेकिन जैसे ही बाजार खुले है लोगों ने बाजारों में भीड़ लगानी शुरु कर दी है। बाजार की कुछ तस्वीरें वायरल हो रही है जिसमें लोग बिना मास्क, सामाजिक दूरी के बाजारों में बीड़ लगा रहे है। कोरोना की दूसरी लहर से हम पूरी तरह से उबरे भी नहीं है कि अगले 6-8 हफ्तों में कोरोना वायरस की तीसरी लहर दस्तक दे सकती है। यह आशंका एम्स के निदेशक डॉक्टर रणदीप गुलेरिया ने व्यक्त की है। डॉक्टर रणदीप गुलेरिया ने यह भी संकेत दिए है कि तीसरी लहर से बचा नहीं जा सकता है। जब दूसरी लहर का प्रकोप चल रहा था उस समय ही कुछ एक्सपर्ट्स ने तीसरी लहर की चेतावनी ज़ारी कर दी थी। लापरवाही के चलते तीसरी लहर जल्द आएगी हाल ही में डॉ. रणदीप गुलेरिया ने एनडीटीवी से बातचीत में कहा कि राज्य सरकारों ने लॉकडाउन में छूट देनी शुरु कर दी है। बाजारों में फिर से भीड़ बढ़ने लगी है। ऐसा लग नहीं रहा है कि कोरोना की दूसरी लहर हमें अभी बर्बाद करके गुज़री है।… Continue reading क्या कोरोना की पहली और दूसरी लहर से हम कुछ सीख पाये हैं.. तीसरी लहर भी 6 से 8 हफ्तों में आने की संभावना -डॉ रणदीप गुलेरिया

डॉक्टरों ने बेटे के शव को पैक कर दे दिया मां-बाप को, फिर मां ने रो-रो कर शव को हिलाते हुुए कहा वापस आ जाओ और लौट आया लाल …

बहादुरगढ़ | कई बार देखा जाता है कि डॉक्टरों की लापरवाही के कारण चमत्कार जैसी स्थिति उत्पन्न हो जाती है. ऐसा ही एक मामला हरियाणा के बहादुरगढ़ से सामने आया है. बताया जा रहा है कि दिल्ली के एक अस्पताल में जिस बच्चे को मृत घोषित कर दिया गया था उसे जब वापस अपने गांव लेकर आया गया तो उसकी सांसे फिर से चलने लगी. ये देखकर परिवार वाले हड़बड़ा गए और अफरातफरी में रोहतक के एक अस्पताल में उसे भर्ती किया गया. सबसे बड़े आश्चर्य की बात यह है कि वह बच्चा कुछ दिनों तक इलाज चलने के बाद स्वस्थ होकर अपने घर भी लौट आया. परिवार वालों का कहना है कि वह दिल्ली के डॉक्टरों के खिलाफ मामला दर्ज करेंगे. टाइफाइड की हुई थी शिकायत यह पूरा मामला बहादुरगढ़ में रहने वाले कुणाल शर्मा का है. कुणाल को टाइफाइड की शिकायत हुई थी जिसके बाद उसे इलाज के लिए दिल्ली के एक अस्पताल में भर्ती किया गया था. लेकिन दिल्ली के अस्पताल डॉक्टरों ने कुणाल के शव को पैक कर मां बाप के हवाले कर दिया. अपने बच्चे के शव को लेने के बाद से मां का रो रो कर बुरा हाल हो गया. स्थिति यह थी कि… Continue reading डॉक्टरों ने बेटे के शव को पैक कर दे दिया मां-बाप को, फिर मां ने रो-रो कर शव को हिलाते हुुए कहा वापस आ जाओ और लौट आया लाल …

कोरोना मरीजों में मिला हर्पीज़ सिम्पलेक्स वायरस, डॉक्टर्स ने बताया बेहद खतरनाक

गाजियाबाद: भारत में कोरोना वायरस ने अपना अलग-अलग रूप दिखाया है। कभी ब्‍लैक फंगस कभी व्‍हाइट तो कभी यलो फंगस। सबसे ज्यादा घातक ब्लैक फंगस ही  रहा है। इसने कोरोना के बाद सबसे ज्यादा मरीजों की जान ली है।  दिल्ली से सटे यूपी के गाजियाबाद में एक नया वायरस मिला है जिसका नाम है – हर्पीज़ सिम्पलेक्स वायरस। यह पुरे देश में पहला मामना है। डॉक्टर्स ने इसे बेहद खतरनाक बताया है। कोरोना वायरस अपने साथ अलग-अलग घातक बीमारियां लेकर आया है। कोरोना से ठीक हो रहे मरीजों में कई तरह की बीमारियां देखने को मिल रही है। कुछ समय पहले जब व्‍हाइट और यलो फंगस आया था तो डॉक्टर्स ने यब बात कही थी कि ब्लैक फंगस ही शरीर में अपना रंग बदल रहा है इसलिए यह फंगस शरीर में अलग रंग की दिखाई दे रही है। also read: अजब-गजब: यूपी के एक अधिकारी ने मांग लिया भगवान राम का आधार कार्ड , जानें क्या है मामला इसका इलाज भी काफी मंहगा है डॉक्‍टरों मुताबिक, कोरोना के बाद जिनकी इम्‍युनिटी कम रहती है या फिर वह किसी अन्य बीमारी से ग्रसित हैं, उन्‍हें ये वायरस अपना शिकार बनाता है। जबकि इसका इलाज भी काफी महंगा है। साफ है कि देश… Continue reading कोरोना मरीजों में मिला हर्पीज़ सिम्पलेक्स वायरस, डॉक्टर्स ने बताया बेहद खतरनाक

Up: डॉक्टर्स बने हैवान, मॉक ड्रिल के चक्कर में ली 22 लोगों की जान

आगराः इसमें कहने की कोई बात नही है कि कोरोना काल में डॉक्टर्स ने अपना अतुलनीय योगदान दिया है। अपनी जान की परवाह ना करते हुए मरीजों की जान बचाई है। डॉक्टर्स को Frontline Workers कहा जा रहा है। लेकिन हर चीज का एक अपवाद होता है। यूपी के आगरा के श्री पारस  अस्पताल से एक दिल दहला देने वासी घटना सामने आई है। जिसमें डॉक्टर्स की हैवानियत दिखाई देती है। इस अस्पताल का एक वीडियो वायरल हो रहा है। जिसमें अस्पताल प्रशासन ने मिलकर 22 कोरोना मरीजों की जान ले ली। डॉक्टर्स ने मरीजों के साथ पहले मॉक ड्रिल का खेला किया। उसके बाद 5 मिनट के अंदर-अंदर 22 लोगों की जान चली गई। वीडियो में हॉस्पिटल के  संचालक  एक शख्स बोलता है कि 22 लोग मर गए थे। यह पूरी बातचीत 26/27 अप्रैल को सामने आए ऑक्सीजन संकट के संदर्भ में है। जब यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ तो लोगों का गुस्सा आग की तरह फूटा। सीएम योगी ने डीएम को जांच के आदेश दिए है। असपताल पर सख्त कार्यवाही की जाएगी। also read: UP : कानपुर में लोडर से टकरा अनियंत्रित बस पुल से गिरी, दर्दनाक हादसे में 17 की मौत, कई घायल क्या होता है मॉक… Continue reading Up: डॉक्टर्स बने हैवान, मॉक ड्रिल के चक्कर में ली 22 लोगों की जान

आईएमए ने डॉक्टरों के लिए मांगी सुरक्षा

नई दिल्ली। कोरोना वायरस की महामारी के बीच डॉक्टरों को निशान बनाए जाने की घटनाओं पर चिंता जताते हुए इंडियन मेडिकल एसोसिएशन, आईएमए ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को चिट्ठी लिखी है और डॉक्टरों के लिए सुरक्षा की मांग की है। आईएमए ने चिकित्सा पेशेवरों के लिए बेहतर माहौल सुनिश्चित करने की मांग करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से हस्तक्षेप करने का सोमवार को आग्रह किया ताकि डॉक्टर बिना किसी भय के अपना काम कर सकें। आईएमए ने टीकाकरण के खिलाफ गलत सूचना फैलाने वालों पर कार्रवाई की भी मांग की। आईएमए ने प्रधानमंत्री मोदी को इसके लिए पत्र लिखा है। आईएमए ने कहा है कि कोविड-19 टीकाकरण अभियान के खिलाफ गलत सूचना फैलाने वाले लोगों पर, महामारी रोग कानून, 1897, भारतीय दंड संहिता और आपदा प्रबंधन कानून, 2005 सहित दूसरे कानून के अनुसार मामला दर्ज किया जाए और उन्हें सजा दी जाए। आईएमए ने पत्र में आगे लिखा है- स्वास्थ्य मंत्रालय, भारत सरकार की मंजूरी के बिना किसी भी व्यक्ति द्वारा तथाकथित जादुई उपचार या चमत्कारिक दवाओं को बढ़ावा देकर आम जनता को मूर्ख बनाने के प्रयासों पर रोक लगाई जानी चाहिए। पत्र में कहा गया है- इस महामारी के बीच, देश में डॉक्टरों और स्वास्थ्य देखभाल पेशेवरों के खिलाफ… Continue reading आईएमए ने डॉक्टरों के लिए मांगी सुरक्षा

सावधान! कोरोना से ठीक होने के 6 हफ्ते बाद तक ना कराएं सर्जरी

delhi: अगर आप कोरोना के खिलाफ जंग जीत चुके है और किसी अन्य गंभीर बीमारी से पीड़ित है और सर्जरी कराने की सोच रह है तो जरा ठहरिये। कोरोना से ठीक होने के तुरंत बाद सर्जरी कराना जानलेवा और खतरनाक साबित हो सकता है। इस संबंध में ICMR ने एक गाइडलाइन दी है।ICMR ने जनता और डॉक्टर्स दोनों को सावधान किया है।  ICMR ने कोरोना से ठीक हुए मरीजों 102 दिन बाद एक बार फिर टेस्ट कराने के लिए कहा है। ICMR और नेशनल टास्क फोर्स के एक्सपर्ट का मानना है कि कोरोना से ठीक हुए मरीजों को कम से कम 6 हफ्तों बाद ही कोई सर्जरी करवानी चाहिए। और डॉक्टर्स को भी छः हफ्ते बाद ही सर्जरी करनी चाहिए। ICMR का कहना है कि अगर कोई इमरजेंसी केस आ जाए तो सर्जरी की जा सकती है। इसे भी पढ़ें क्योंकि देश में चुनाव नहीं है, इसलिए दिल खोलकर पेट्रोल डीजल के दाम बढ़ा रही सरकार सर्जरी के लिए जल्दबाजी ना करें टाइम्स ऑफ इंडिया की खबर के मुताबिक नेशनल टास्क फोर्स के संजय पुजारी ने बताया कि कोरोना के लक्षण 102 दिन बाद ही सही से पता चलते है। ऐसें में टेस्टिंग में जल्दबाजी ना करें। कम वक्त में जांच… Continue reading सावधान! कोरोना से ठीक होने के 6 हफ्ते बाद तक ना कराएं सर्जरी

डॉक्टर्स से जाने वैक्सीन लेने के कितने दिन बाद तक नहीं होगा कोरोना??

NEW DELHI: भारत में कोरोना की दूसरी लहर का दौर चल रहा है जो अत्यंत भयानक है। लेकिन इन दिनों कोरोना के मामले कम होने शुरु हुए है। लेकिन मौतों का आंकड़ा उतना ही बना हुआ है। सरकार और एक्सपर्ट की यह कोशिश है कि इस लहर में कोरोना की वैक्सीन सभी को लग जाएं। जिससे तीसरी लहर आए तो इतना भयावह मंजर फिर से ना देखने पड़े। सभी राज्य लोगों से अनुरोध कर रहे है कि ज्यादा संख्या में टीकाकरण करवाएं। जिस राज्य में वैक्सीनेशन अधिक मात्रा में होगा वहां कोरोना की तीसरी लहर इतनी संक्रामक और आक्रामक नहीं होगी। ऐसे में सभी के मन में यह प्रश्न उठ रहा है कि वैक्सीन लगवाने के बाद कितने दिन तक कोरोना नहीं होगा? कोरोना वैक्सीन कितने समय तक कारगर होगी? लोग यह भी जानना चाह रहे हैं कि टीका लगने के कितने समय बाद एंटीबॉडी विकसित होगी?? इस संबंध में विशेषज्ञों की अलग-अलग राय है..आइये जानते है डॉक्टर्स का इस मामले में क्या कहना है?? इसे भी पढ़ें अमेरिकी सरकार का अनोखा ऑफर, कोरोना वैक्सीन लगवाइये और करोड़ों के मालिक बन जाइये.. जब तक दवाई नहीं तब तक ढ़िलाई नहीं एक मीडिया रिपोर्ट के अनुसार अहमदाबाद हॉस्पिटल और नर्सिंग होम एसोसिएशन… Continue reading डॉक्टर्स से जाने वैक्सीन लेने के कितने दिन बाद तक नहीं होगा कोरोना??

Salute to spirit of doctors : कोरोना काल में डॉक्टर्स बने भगवान, 24 घंटे में ब्लैक फंगस के किए 19 ऑपरेशन, सोशल मीडिया पर जमकर हो रही तारीफ

कोरोना काल में डॉक्टर्स भगवान बनकर सामने आए है। अपने जान की परवाह किए बगैर डॉक्टर्स मरीजों की जान बचाने में लगे है। कोरोना के साथ-साथ ब्लैक फंगस भी अपने पैर तेजी से फैला रहा है। ब्लैक फंगस ने सरकार के साथ-साथ आम आदमी और डॉक्टर्स की चिंता और मुश्किले बढ़ा दी है। कोरोना काल में फ्रंटलाइन वर्कस माने जाने वाले डॉक्टर्स ने बिना रूके और बिना थके अपने कर्तव्यों का पालन किया है और अभी भी रूके नहीं है। ब्लैक फंगस का ईलाज कर रहे ईएनटी विभाग के चिकित्सकों की जिम्मेदारी बढ़ा दी है। ईएनटी विशेषज्ञ भी बिना रूके और बिना थके ब्लैक फंगस महामारी से पीड़ित मरीजों का जी-जान से इलाज करने में जुटे हैं। कोरोना से ठीक हो रहे मरीजों को ब्लैक फंगस अपनी चपेट में ले रहा है। ज्यादातक मरीज डायबिटीड़ के मिल रहे है जो लंबे समय से स्टेरॉयड का सेवन करते आए है। महामारी के इस दौर में चिकित्सकीय पेशे को पूरी शिद्दत के साथ निभाने वाले चिकित्सकों के कई किस्से रोजना सामने आ रहे हैं।  चिकित्सक दिन-रात एक करके मरीजों को महामारी से उबरने में जुटे हैं। ऐसा ही एक किस्सा राजधानी जयपुर में भी सामने आया है। राजधानी जयपुर में स्थित प्रदेश… Continue reading Salute to spirit of doctors : कोरोना काल में डॉक्टर्स बने भगवान, 24 घंटे में ब्लैक फंगस के किए 19 ऑपरेशन, सोशल मीडिया पर जमकर हो रही तारीफ

Black fungus : ब्लैक फंगस का रोंगटे खड़े कर देने वाला मामला आया सामने, सुनते ही रूह कांप जाएगी

कोरोना के बाद सबसे ज्यादा अगर कोई बीमारी चर्चा में आई है तो वो है ब्लैक फंगस। पहले कैंसर, लिवर इंफेक्शन इन बीमारियों को भयानक बीमारी कहा जाता था लेकिन कोरोना के आने के बाद ये सब बीमारियां ठंडी पड़ गई है। कोरोना के बाद अभी ब्लैक फंगस अभी सबसे ज्यादा चर्चा में है।  फंगस का वो रूप जो जानलेवा बन चुका है. इस बीमारी को लेकर लोगों में डर का माहौल है। इस बीच गुजरात के सूरत में ब्लैक फंगस का एक नया मामला सामने आया है। जिसमें फंगस मरीज के दिमाग तक पहुंच गया. ब्लैक फंगस से जुड़ा अपनी तरह का देश में ये पहला मामला है| इसे भी पढ़ें सब्र रखिये हम भी कोरोना फ्रेंडली हो जाएंगे-स्टडी डॉक्टर भी हैरान जानकारी के मुताबिक सूरत में एक 23 वर्षीय युवक के दिमाग में ब्लैक फंगस का इंफेक्शन देखने को मिला। डॉक्टरों का कहना है कि मरीज के दिमाग में ही इस इंफेक्शन का पता चला। बीमारी का पता चलने के बाद डॉक्टरों ने मरीज की सर्जरी की लेकिन उसे बचाया नहीं जा सका। सर्जरी के चौथे दिन मरीज की मौत हो गई। इस मामले ने डॉक्टरों को भी हैरान कर दिया है। डॉक्टरों का कहना है कि 23 वर्षीय… Continue reading Black fungus : ब्लैक फंगस का रोंगटे खड़े कर देने वाला मामला आया सामने, सुनते ही रूह कांप जाएगी

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