जनता की कीमत पर
पेट्रोलियम पर उत्पाद शुल्क में कटौती से सरकारी खजाने को 2026-27 में 1.7 लाख करोड़ रुपये का नुकसान होगा। उसकी भरपाई केंद्र कहां से करेगा? सीधा गणित है कि वह बाजार से अधिक कर्ज लेगा, जिसका बोझ आखिरकार जनता पर ही आएगा। अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चा तेल सत्ता होने के दौर में अपनी तिजोरी भरने वाली कंपनियों को राहत देने के लिए नरेंद्र मोदी सरकार ने उत्पाद शुल्क में भारी कटौती की है। इस कारण सरकारी खजाने को 2026-27 में 1.7 लाख करोड़ रुपये का नुकसान पहुंचेगा। पिछले वर्ष सरकार ने आय कर और जीएसटी दरों में कटौती की। उससे...