एक दिन, दो महा-प्रस्थान
जिन हस्तियों ने आधुनिक भारत में विज्ञान, शोध एवं वैज्ञानिक चेतना की जमीन तैयार की, उनमें एम.आर. श्रीनिवासन और जयंत नर्लीकर की खास पहचान है। परमाणु क्षेत्र में श्रीनिवासन और खगोल भौतिकी में नर्लीकर के योगदान को भुलाया नहीं जा सकेगा। एक ही दिन- मंगलवार को- भारत की दो बड़ी हस्तियों ने दुनिया से महा-प्रस्थान किया। दोनों ने आधुनिक भारत के निर्माण में अपने अप्रतिम योगदान से इतनी गहरी छाप छोड़ी है कि आने वाली कई पीढ़ियां उनसे प्रेरित होती रहेंगी। भारत आज दुनिया की प्रमुख परमाणु शक्ति है, तो उसे यह क्षमता देने में एम.आर. श्रीनिवासन की भूमिका सुनहरे...