अलगाववादियों को मौका
मणिपुर में जारी सामाजिक अस्थिरता के कारण लंबे समय से मौजूद रहीं अलगाववादी ताकतों को फिर सिर उठाने का मौका मिला है। मैतेई समुदाय से संबंधित इन संगठनों को अंगभीरता से कतई नहीं लिया जाना चाहिए। किसी क्षेत्र लंबे समय तक सामाजिक को चलते रहने देने का यही नतीजा होता है कि देश विरोधी तत्व उसका फायदा उठाते हैं। सवा तीन साल से मणिपुर में जारी हिंसा के सिलसिले में ऐसी आशंका को लेकर केंद्र को लगातार आगाह किया गया है। दुर्भाग्यपूर्ण है कि केंद्र या तो समाधान ढूंढने में अयोग्य साबित हुआ, अथवा सत्ता पक्ष ने अपनी किन्हीं सियासी...