• डाउनलोड ऐप
Sunday, April 11, 2021
No menu items!
spot_img

sell

सपाट खुलने के बाद टूटा शेयर बाजार

घरेलू शेयर बाजार आज करीबन सपाट खुला लेकिन जल्द ही बिकवाली के दबाव में सेंसेक्स 500 अंकों से ज्यादा लुढ़क गया। निफ्टी में भी 100 अंकों से ज्यादा की गिरावट आई।

सेंसेक्स 500 अंकों से ज्यादा लुढ़का, निफ्टी में भी गिरावट

घरेलू शेयर बाजार में बिकवाली के भारी दबाव में गिरावट का सिलसिला गुरुवार को भी जारी रहा और सेंसेक्स 500 अंकों से ज्यादा की गिरावट के साथ 47,000 के नीचे खुला। निफ्टी 150 अंकों से ज्यादा

शेयर बाजार में डूबे ढाई लाख करोड़

शेयर बाजार में लगातार कई दिन तक रही तेजी थम गई है और लगातार चार दिन से भारी गिरावट हो रही है। बंबई स्टॉक एक्सचेंज का संवेदी सूचकांक जो 50 हजार तक पहुंच गया था

शेयर बाजार ने गोता लगाया, सेंसेक्स 531 अंक लुढ़का

घरेलू शेयर बाजार में सोमवार को फिर बिकवाली के भारी दबाव में कोहराम का आलम बना रहा। सेंसेक्स पिछले सत्र से 531 अंक लुढ़ककर 48,348 के करीब बंद हुआ और निफ्टी भी 133 अंकों की

मैदान में टिके रहने के लिए हुवावे ने बेचा ऑनर स्मार्टफोन का बिजनेस

अमेरिकी प्रतिबंधों के बीच अपने व्यवसाय को लेकर पिछले करीब दो सालों से संघर्ष का सामना करने के बाद हुवावे ने आखिरकार आज अपने सब-ब्रांड ऑनर को बेचने का ऐलान कर दिया।

कृषि के बारे में मन की बात

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज 'मन की बात' के दौरान संसद में पास हुए तीन बिलों से किसानों को होने वाले लाभ के बारे में चर्चा की। बताया कि अब किसानों को अपनी उपज को देश में कहीं भी बेचने की आजादी मिली है।

रुपया पाँच पैसे मजबूत

बैंकों की डॉलर बिकवाली से अंतरबैंकिंग मुद्रा बाजार में रुपया आज पाँच पैसे की बढ़त के साथ 73.55 रुपये प्रति डॉलर पर बंद हुआ।

रुपया 37 पैसे मजबूत

निर्यातकों तथा बैंकों की डॉलर बिकवाली से आज अंतरबैंकिंग मुद्रा बाजार में रुपया 37 पैसे की मजबूती के साथ 75.15 रुपये प्रति डॉलर पर पहुंच गया। पिछले दिवस रुपया 75.42 रुपये प्रति डॉलर पर रहा था।

वैश्विक दबाव में लुढ़का शेयर बाजार

एशियाई बाजारों से मिले नकारात्मक संकेतों के दबाव में आज घरेलू शेयर बाजारों में बिकवाली का जोर रहा और बीएसई 30 शेयरों वाला संवेदी सूचकांक सेंसेक्स 209.75 अंक यानी 0.60 प्रतिशत फिसलकर

सरकारों में आ रही कुछ सद्बुद्धि

कोरोना वायरस के घनघोर संकट के बीच में आर्थिक गतिविधियां शुरू कराने के लिए बेकरार सरकारों को ऐसा लग रहा है कि सद्बुद्धि आई है।
- Advertisement -spot_img

Latest News

यह फैसला तर्कसंगत नहीं

सर्वोच्च न्यायालय की यह बात तो बिल्कुल ठीक है कि भारत का संविधान नागरिकों को अपने ‘धर्म-प्रचार’ की पूरी...
- Advertisement -spot_img