मुख्य चुनाव आयुक्त ने भरोसा दिलाया
नई दिल्ली/कोलकाता। पश्चिम बंगाल में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी एसआईआर के मसले पर सुप्रीम कोर्ट में मंगलवार को सुनवाई हुई। अदालत ने इस मामले में दायर हो रही याचिकाओं पर नाराजगी जताई और कहा कि न्यायिक अधिकारियों पर संदेह नहीं करना चाहिए। अदालत को बताया गया कि विचारधीन मतदाताओं के दस्तावेजों की जांच हो रही है और 10 लाख लोगों के दस्तावेज देखे जा चुके हैं। उधर कोलकाता में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने मंगलवार को कहा कि किसी भी पात्र वोटर का नाम मतदाता सूची से नहीं हटाया जाएगा। उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल में...