Gandhi Talks

  • ‘गांधी टॉक्स’: एक मौन क्रांति

    "गांधी टॉक्स" दो समानांतर जीवन-रेखाओं पर चलती है। एक ओर है विजय सेतुपति का किरदार जो कि एक आम आदमी है और जिसकी ज़िंदगी संघर्ष, अपमान और जीवटता से बनी है। दूसरी ओर है अरविंद स्वामी का पात्र जो सत्ता, धन और नियंत्रण की दुनिया से आया व्यक्ति, जो धीरे-धीरे अपने ही बनाए ढांचे में ढहता है। इन दोनों के बीच कोई संवाद नहीं, कोई सीधा टकराव नहीं फिर भी पूरी फ़िल्म टकरावों से भरी है। आज के 'सिने-सोहबत' में अभी अभी रिलीज़ हुई एक सायलेंट फ़िल्म 'गांधी टॉक्स' पर चर्चा  करते हैं। इस फ़िल्म ने भारतीय सिनेमा में एक...