Shardiya Navratri 2021 : इस बार कलश स्थापना के लिए मात्र 1 घंटे का है शुभ मुहूर्त,. जानें क्या है इस बार माता की सवारी…

इस बार नवरात्रि के पहले दिन कलश स्थापना के लिए महज 1 घंटे का ही मुहूर्त निकला है. बताया गया है कि कलश स्थापना…

हिंदूधर्म सनातन है, यह न खतरे में पड़ता है न नष्ट होता है…

हिन्दू धर्म में ऐसा क्या है जिसके कारण वह सनातन है, वह न तो खतरे में पड़ सकता है और न ही नष्ट हो सकता है।

पितृपक्ष विशेष : इऩ 7 स्थानों में पिंडदान का है अपना ही महत्व, दूर-दूर से आते हैं लोग

हिंदू धर्म मान्यताओं के अनुसार घर के किसी व्यक्ति की मृत्यु के बाद पिंडदान करने से मृतक को मोक्ष की प्राप्ति होती है. यही कारण है कि हिंदू धर्म में पितृपक्ष…

सनातनी हिंदू का कनाडा अनुभव

कनाडा में हिंदुओं का वह रूतबा नहीं रहा जो 2014 से पहले था। क्यों? पहली बात जैसे भारत में हुआ वैसा ही कनाडा में हुआ।

जो डिस्मैंटलिंग चाहते वहीं तो ‘हिंदुत्व’ निर्माता!

सनातन धर्म याकि हिंदू समाज दो पाटों में पीस रहा है! एक पाट उन सेकुलर-वामपंथियों का है, जिन्होंने गोधरा कांड के बाद नरेंद्र मोदी को खलनायक करार दे कर उन्हें हिंदुओं में महानायक बनवाया।

Salman, Shahrukh और Aamir ​डरते हैं इसलिए कुछ नहीं कहते, मैं नमाज नहीं पढ़ता जो पढ़ते हैं वो समझते नहीं- नसरुद्दीन शाह

शाह ने कहा की बॉलीवुड के तीनों दिग्गज खान सलमान,शाहरुख और आमिर डर के कारण सरकार के खिलाफ कुछ नहीं कहते. उन्होंने कहा कि मैं इस बारे में ज्यादा नहीं कहना चाहता…

मोदी राज की ‘हिंदुत्व’ स्टोरी!

कोई यदि हिंदुत्व को तालिबानी करार भी दे रहा है तो संघ परिवार को यह धन्यवाद करना चाहिए जो हिंदू शब्द का सात वर्षों में ऐसा ‘हिंदुत्वी’ कायाकल्प हुआ!

डिस्मैंटलिंग हिंदुत्वः हे राम! मोदी उपलब्धि या…

‘डिस्मैंटलिंग हिंदुत्व’ का? इस बात पर ‘नया इंडिया’ में बलबीर पुंज और शंकर शरण के लेख व मीडिया के लब्बोलुआब में समझने वाला पहला सवाल है कि क्या हम हिंदू दुनिया में बदनाम हो गए हैं?

West Bengal : मां मां दुर्गा के साथ ममता बनर्जी की भी मूर्ती, BJP ने कहा- इससे घटिया राजनीति नहीं हो सकती…

कोरोना के प्रकोप को देखते हुए कम पूजा पंडालों के बनाने की अनुमति दी गई है. लेकिन बागुईहाटी क्षेत्र से उन्नयन समिति का दुर्गा पूजा पंडाल बनकर तैयार होने के पहले ही विवादों में आ गया है….

15 लाख के नोटों से हुआ महादेव का श्रृंगार, सोशल मीडिया में वायरल हो रही हैं तस्वीरें …

हिंदू धर्म में सावन का अपना ही महत्व है. इस महीने को सनातन धर्म में विश्वास रखने वाले लोग सबसे पवित्र महीने के रूप में मानते हैं. देश के विभिन्न राज्यों में अलग-अलग तरीके से भगवान शिव की पूजा की जाती

इस्लाम तो अपना लिया था लेकिन शवों को दफनाने के लिए करनी पड़ती थी जद्दोजहद , फिर 18 लोगों ने अपनाया हिंदू धर्म

सने कहा कि बचपन में वह होली और दिवाली मनाया करता था अब एक बार फिर से वह हिंदू धर्म को अपना लेगा. राशिद अब एक बार फिर से विकास कुमार के नाम से जाना जाने लगेगा.

गंगा दशहरा 2021 : जानें कब है गंगा दशहरा, शुभ मुहुर्त और मां गंगा के पृथ्वी पर अवतरित होने की कहानी

hridwar| हिंदु धर्म में हर त्यौंहार का अपना अलग महत्व है। हर त्यौहार को बड़ी ही धूम-धाम से मनाया जाता है। लेकिन गंगा दशहरा का अपने आप में एक विशेष महत्व है। पूरे देश में बड़े ही हर्षोल्लास के साथ यह पर्व मनाया जाता है। इस वर्ष गंगा दशहरा 20 जून को है।हर साल ज्येष्ठ मास के शुक्ल पक्ष की दशमी तिथी को गंगा दशहरा मनाया जाता है। पौराणिक मान्यताओं के अनुसार ऋषि भागीरथी की कड़ी तपस्याओं के बाद मां गंगा धरती पर आने के लिए राजी हुई थी। इस दिन मां गंगा धरती पर अवतरित हुई थी। उसी समय से गंगा दशहरा के नाम से यह पर्व ज्येष्ठ मास के शुक्ल पक्ष की दशमी तिथी को मनाया जाता है। गंगा के पानी में स्नान करने से सबी पापों की मुक्ति हो जाती है। और गंगा दशहरे पर तो मां गंगा का विशेष प्रसाद मिलता है। मान्यता है कि गंगा दशहरे के दिन गंगा नदी के पवित्र जल में स्नान करने या डुबकी लगाने से मनुष्य के सभी पापों का नाश हो जाता है और सभी मनोंकामनाए भी पूर्ण होती है। इस दिन दान करने की मान्यता है। अपनी श्रद्धानुसार दान करने से पापों से मुक्ति मिलने के साथ-साथ उसे… Continue reading गंगा दशहरा 2021 : जानें कब है गंगा दशहरा, शुभ मुहुर्त और मां गंगा के पृथ्वी पर अवतरित होने की कहानी

इंडोनेशिया में स्थित है भगवान विष्णु की सबसे ऊंची प्रतिमा, जिसे बनाने में लगे 28 साल, मुर्तिकार को प्राप्त है पद्मश्री पुरस्कार ..जानें इसकी खासियत

इंडोनेशिया : हिन्दू धर्म के ग्रंथों के अनुसार विष्णु सृष्टि रचने वाले तीन मुख्य देवों में एक हैं। पुराणों में विष्णु को विश्व या जगत का पालनहार कहा गया है। वो त्रिमूर्ति देवों में शामिल हैं। त्रिमूर्ति के अन्य दो देवता ब्रह्मा और शिव हैं। ब्रह्मा को जहाँ विश्व का सृजन करने वाला माना जाता है, तो शिव को संहारक माना गया है। पूरे भारत में भगवान विष्णु को अलग-अलग नामों से जाना जाता है और अलग-अलग रूपों में पूजा भी की जाती है।समस्त भारत में श्री हरि के अनेकों मंदिर है। जिनकी अलग-अलग मान्यता है। लेकिन आपको जानकर आश्चर्य होगा कि दुनिया में भगवान विष्ण की सबसे ऊंची मूर्ति भारत में नहीं है। ये एक ऐसे देश में है जो मुस्लिमों की आबादी के मामले में दुनिया में नंबर एक पर है वो देश है इंडोनेशिया। इंडोनेशिया में इस विशाल मूर्ती का निर्माण करने वाले मूर्तिकार बप्पा न्यूमन नुआर्ता को भारत में सम्मानित किया गया और राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद के हाथों पद्मश्री पुरस्कार प्रदान किया गया था। also read: कोरोना काल में संकट मोचन “हनुमान” भी आए संकट में, आर्थिक तंगी से गुज़र रहे है .. 2018 में तैयार हुई श्री हरि की प्रतिमा विष्णु की यह मूर्ति इंडोनेशिया मे… Continue reading इंडोनेशिया में स्थित है भगवान विष्णु की सबसे ऊंची प्रतिमा, जिसे बनाने में लगे 28 साल, मुर्तिकार को प्राप्त है पद्मश्री पुरस्कार ..जानें इसकी खासियत

सूर्य ग्रहण : शनि जयंती के दिन लगेगा इस साल का पहला सूर्य ग्रहण, जानें सूर्य ग्रहण लगने के कारण और मान्यताएं..

नई दिल्‍ली: साल 2021 का पहला सूर्य ग्रहण (Solar eclipse)  10 जून, गुरुवार को लगने जा रहा है। इसी दिन ज्येष्ठ भावुका अमावस्‍या (Jyeshtha Amavasya) और शनि जयंती (Shani Jayanti) भी है।  साथ ही इस दिन धृति और शूल योग भी बनेगा।  वैसे भी सूर्य ग्रहण (Surya Grahan) को हिंदू धर्म में नकारात्‍मक प्रभाव (Negative effect) डालने वाला बताया गया है। इसका असर सभी राशियों पर पड़ता है। सूर्य ग्रहण करने से हमारे जीवन पर भी गहरा असर होता है। सूर्य ग्रहण एक खगोलीय घटना होती है। इस बार भी यह ग्रहण राशियों (Zodiac Signs) पर शुभ-अशुभ असर डालेगा। आइए, उन राशियों के बारे में जानते हैं जिन पर इस सूर्य ग्रहण का नकारात्‍मक असर पड़ सकता है। ऐसा माना जाता है कि सूर्य ग्रहण को नंगी आंखो से नहीं देखना चाहिए। लोगों द्वारा एक्सरे-प्लेट से सूर्य ग्रहण देखा जाता है। सूर्य ग्रहण के बारे में कुछ मान्याताएं भी जुड़ी होती है। माना जाता है सूर्य ग्रहण नकारात्मक प्रभाव डालता है। हिंदु धर्म में ग्रहण को भक्ति से जोड़ लिया गया है। इसकारण लोगों द्वारा यह ज्यादा माना जाता है। इसे भी पढ़ें Petrol Diesel की कीमतों में आग! मांग नहीं, फिर भी लगातार बढ़ रहे दाम, जानें आज के भाव… Continue reading सूर्य ग्रहण : शनि जयंती के दिन लगेगा इस साल का पहला सूर्य ग्रहण, जानें सूर्य ग्रहण लगने के कारण और मान्यताएं..

BENIFITS OF TULSI: तुलसी की माला पहनने से मानसिक स्वास्थ्य रहता है उत्तम..आएये जानते है इसके फायदे

नई दिल्‍ली: हिंदू धर्म में तुलसी का बहुत महत्‍व है। प्रत्येक घर में तुलसी का एक पौधा तो मिल हा जाएगा। रोजाना तुलसी को जल चढ़ाने, शाम को तुलसी के पौधे के नीचे दीपक लगाने से लेकर तुलसी खाने और उसकी माला पहनने तक इससे जुड़ी कई चीजें भारतीय परंपरा का अहम हिस्‍सा हैं।लेकिन रविवार के दिन तुलसी की पुजा नहीं की जाती है।  वैज्ञानिक लिहाज से भी तुलसी के कई फायदे हैं। आज तुलसी से जुड़े एक ऐसे ही लाभ की बात करते हैं जो व्‍यक्ति के मानसिक स्‍वास्‍थ्‍य से जुड़ा है। यह कनेक्‍शन तुलसी की माला पहनने और उससे मानसिक स्‍वास्‍थ्‍य बेहतर होने का है। आमतौर पर भगवान विष्णु और कृष्ण के भक्त तुलसी के बीजों की माला धारण किए हुए नजर आते हैं। इसे भी पढ़ें क्या आपको पता है मोबाइल फोन के सिम कार्ड कोने से कटे हुए क्यों होते है?? 2 तरह की होती है तुलसी तुलसी मोटे तौर पर 2 तरह की होती है- श्यामा तुलसी और रामा तुलसी।  श्यामा तुलसी के बीजों की माला पहनने से मानसिक शांति मिलती है और मन में पॉजिटिविटी आती है। इससे आध्यात्मिक के साथ ही साथ पारिवारिक और भौतिक उन्नति भी होती है। यह ईश्वर के प्रति श्रद्धा… Continue reading BENIFITS OF TULSI: तुलसी की माला पहनने से मानसिक स्वास्थ्य रहता है उत्तम..आएये जानते है इसके फायदे

और लोड करें