India China Relations

  • भारत-चीन संबंध और ‘तिब्बत कार्ड’

    ताजा प्रकरण ने भारत- चीन संबंध में तिब्बत के पहलू को फिर से जिंदा कर दिया है। ये कांटा 1950 के दशक में ही आ फंसा था, जब 1959 में दलाई लामा अपने समर्थकों के साथ तिब्बत से भाग कर भारत आ गए और तत्कालीन जवाहर लाल नेहरू सरकार ने ना सिर्फ उन्हें पनाह देने, बल्कि भारत की जमीन से तिब्बत की “निर्वासित सरकार” चलाने की इजाजत भी दी। दलाई लामा संबंधी मसले ने नई स्थिति पैदा कर दी है। इस स्थिति में प्रासंगिक मुद्दा यही है कि भारत क्या राष्ट्रीय शक्ति निर्मित कर चीन के वर्चस्व को चुनौती देने...

  • अब कुछ ठोस हासिल

    india china relation: पिछले साल रूस में हुए ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग से हुई मुलाकात के बाद संबंध सुधार की शुरू हुई प्रक्रिया विदेश सचिव की यात्रा से और आगे बढ़ी है। also read: MS धोनी ने Champions Trophy 2025 के Promo में मचाया धमाल, दिखाया कूल अंदाज विदेश सचिव विक्रम मिसरी की चीन यात्रा से कुछ ठोस हासिल हुआ। पिछले साल रूस में हुए ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग से हुई मुलाकात के बाद संबंध सुधार की शुरू हुई प्रक्रिया मिसरी की...