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  • महाराष्ट्र चुनाव पर दायर याचिका खारिज

    मुंबई। महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव के नतीजों में गड़बड़ी को लेकर सिर्फ कांग्रेस और भाजपा के बीच या कांग्रेस और चुनाव आयोग के बीच विवाद नहीं चल रहा है, बल्कि यह मामला अदालत में भी पहुंचा था। लेकिन बॉम्बे हाई कोर्ट ने बुधवार को महाराष्ट्र विधानसभा के पिछले चुनाव में गड़बड़ी को लेकर दायर याचिका को खारिज कर दिया। अदालत ने कहा कि याचिका की सुनवाई में कोर्ट का समय बरबाद हुआ है। हालांकि याचिकाकर्ता पर कोई जुर्माना नहीं लगाया गया। जस्टिस जीएस कुलकर्णी और जस्टिस आरिफ डॉक्टर की बेंच ने कहा, ‘इस याचिका में कोई ठोस आधार नहीं है। ऐसे...

  • मुद्दा कुछ और है

    इतने बड़े स्तर पर गहराते जा रहे शक को कौन दूर करेगा? आयोग ने भी कभी आत्म-निरीक्षण करने की जरूरत महसूस नहीं की है। क्या उसके आचरण भी संदेह का कारण हैं? इन प्रश्नों पर उसे गंभीरता से सोचने की जरूरत है। भारतीय निर्वाचन आयोग ने महाराष्ट्र के विपक्षी गठबंधन की चुनाव गड़बड़ी संबंधी शिकायतों को सिरे से खारिज कर दिया है। आयोग का यह जवाब अपेक्षित ही था। आयोग के मुताबिक उसे राज्य के 36 जिला अधिकारियों से रिपोर्ट मिल चुकी हैं। इनके मुताबिक सभी 288 सीटों पर ईवीएम वोटों और वीवीपैट में दर्ज मतों का मिलान करने पर...

  • महाराष्ट्र में विपक्ष के सारे आरोप खारिज

    मुंबई। महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव को लेकर विपक्षी पार्टियों की ओर से लगाए गए तमाम आरोपों को मुख्य चुनाव अधिकारी ने खारिज कर दिया है। राज्य के मुख्य चुनाव अधिकारी  ने विधानसभा चुनावों में किसी भी गड़बड़ी ने इनकार किया है। उन्होंने महाराष्ट्र के चुनावों में वोटों के बेमेल होने के विपक्ष के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि वीवीपैट पर्चियों और वोटिंग मशीन नंबरों के बीच कोई बेमेल नहीं है। सारे रिकॉड ठीक हैं। इसके साथ ही चुनाव अधिकारी ने विपक्ष के सभी दावों को खारिज कर दिया। महाराष्ट्र के मुख्य चुनाव अधिकारी ने कहा कि 23 नवंबर को...

  • मर्करवाड़ी गांव में इस मतदान का क्या अर्थ?

    महाराष्ट्र में शोलापुर के एक गांव मर्करवाडी के लोगों ने एक नया प्रयोग किया है। उन्होंने विधानसभा चुनाव के नतीजे देखने के बाद अपने गांव में बैलेट पेपर से दोबारा मतदान कराया है। असल में गांव के लोगों को शक है कि ईवीएम से उनके वोट में गड़बड़ी की गई है। पूरे गांव का कहना है कि उन्होंने महाविकास अघाड़ी को वोट दिया लेकिन गिनती में महाविकास अघाड़ी से ज्यादा वोट महायुति के उम्मीदवार को मिले हैं। यह भी दिलचस्प है कि मर्करवाड़ी गांव मालशिरास विधानसभा सीट में आता है, जो सीट महाविकास अघाड़ी में शामिल शरद पवार की पार्टी...

  • ईवीएम वाले पर एफआईआर

    मुंबई। चुनाव आयोग ने इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन यानी ईवीएम हैक करने का दावा करने वाले सैयद शुजा के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई है। साउथ मुंबई के साइबर पुलिस स्टेशन में शनिवार, 30 नवंबर को भारतीय न्याय संहिता और सूचना प्रौद्योगिकी कानून के तहत मामला दर्ज किया गया। गौरतलब है कि महाराष्ट्र में 20 नवंबर के मतदान से एक हफ्ते पहले 14 नवंबर को सैयद शुजा का एक वीडियो वायरल हुआ था। इसमें उसने दावा किया था कि वह महाराष्ट्र चुनावों में इस्तेमाल की जाने वाली ईवीएम को हैक कर सकता है। उसने नेताओं को ऑफर भी दिया था कि 53...

  • फडनवीस पर सहमति नहीं

    मुंबई। भाजपा हाईकमान ने महाराष्ट्र में नए मुख्यमंत्री के फैसले पर सस्पेंस बना दिया है। जानकारों के अनुसार यों देवेंद्र फडणवीस मुख्यमंत्री पद की दौड़ में आगे है। संघ उनका पक्षधर है लेकिन भाजपा हाईकमान में किसी ओबीसी नेता को मुख्यमंत्री बनाने पर विचार है। चुनाव में ओबीसी मतदाताओं के भाजपा की और गोलबंद होने की दलील पर पिछड़ी जाति के नेता पर सहमति बनाने की कोशिश है। इस बीच भाजपा की प्रदेश इकाई ने जानकारी दी है कि नई महायुति सरकार पांच दिसंबर की शाम मुंबई के आजाद मैदान में शपथ लेगी। हालांकि, अभी तक यह घोषणा नहीं की...

  • ईवीएम की नई कहानियां, जांच कैसे होगी?

    महाराष्ट्र के चुनाव नतीजों के बाद इलेक्ट्रोनिक वोटिंग मशीन यानी ईवीएम को लेकर अनेक कहानियां चर्चा में हैं। हरियाणा के नतीजों के बाद भी ईवीएम की ढेर सारी कहानियां सुनने को मिली थी। लेकिन महाराष्ट्र के बाद इनकी संख्या बढ़ गई है। इनमें से कुछ कहानियां तो सच्ची हैं लेकिन ढेर सारी कहानियों की सत्यता प्रमाणित नहीं है। नेता गड़बड़ी के दावे कर रहे हैं, सबूत पेश कर रहे हैं और यहां तक कि वीडियो भी वायरल हो रहे हैं लेकिन इनकी पुष्टि कोई नहीं कर रहा है। मिसाल के तौर पर महाराष्ट्र के एक गांव के लोगों के प्रदर्शन...

  • विपक्ष न बेईमान और न एकजुट!

    जो हरियाणा में हुआ वह महाराष्ट्र में है! ऐसा ही आगे दिल्ली, बिहार और उत्तर प्रदेश में भी होगा। इसलिए क्योंकि विपक्ष लगातार मोदी-शाह को कमतर आंकते हुए है। राहुल गांधी, उद्धव, अखिलेश, केजरीवाल, तेजस्वी से लेकर भूपिंदर सिंह हुड्डा, नाना पटोले, महाराष्ट्र के चुनाव प्रभारी अशोक गहलोत व मोहन प्रकाश आदि किसी भी विरोधी नेता में इतनी बेसिक समझ भी नहीं बनी है कि मोदी-शाह कैसी राजनीति करते हैं! दस साल बाद भी वे मोदी-शाह की जमीनी लड़ाई की थाह लिए हुए नहीं हैं। इनका बेसिक मंत्र है जैसे भी हो विपक्ष को बांटो और काटो। जमीन पर लोगों...

  • उत्सव है या मखौल?

    स्पष्टतः एग्जिट पोल एजेंसियों, टीवी चैनलों और मीडिया संस्थानों को तनिक जरूरत महसूस नहीं हुई है कि हाल में जिस तरह वे झूठे साबित हुए हैं, उस पर ईमानदार आत्म-परीक्षण करें। मतदान में बढ़ता अवांछित हस्तक्षेप उनकी चिंता के दायरे से बाहर है। चुनावों को लोकतंत्र का उत्सव कहा जाता है। लेकिन अपने देश में जिस तरह के हालात बन रहे हैं, उनके बीच वो समय दूर नहीं, जब इन्हें जम्हूरियत का मखौल कहा जाने लगेगा। उत्तर प्रदेश में उप चुनावों के दौरान जिस तरह पुलिस ने अल्पसंख्यक मतदाताओं के वोट डालने में रुकावट डाली, वह कम-से-कम इस राज्य एक...

  • विनोद तावड़े का क्या होगा?

    Vinod Tawde: यह लाख टके का सवाल है कि भाजपा के महासचिव विनोद तावड़े का अब क्या होगा? इसके साथ ही यह भी सवाल है कि क्या वे किसी साजिश का शिकार हुए हैं? शिव सेना के राज्यसभा सांसद संजय राउत ने साजिश की ओर इशारा किया। उन्होंने कहा कि उनके पास 18 लोगों की सूची थी, जो पैसे बांट रहे थे। उस सूची में तावड़े का नाम नहीं था। तभी राउत ने आश्चर्य जताया कि विनोद तावड़े जैसा बड़ा नेता कैसे खुद पैसे बांटने चला गया? आमतौर पर यह काम दूसरे लोग करते हैं। उम्मीदवार भी यह काम अपने...

  • महाराष्ट्र चुनाव में गरीबों को न्याय जैसे मुद्दे अहम साबित होंगे: राहुल गांधी

    Rahul Gandhi:  महाराष्ट्र में राजनीतिक दलों के नेता चुनाव प्रचार में जुटे हैं। महा विकास अघाड़ी और महायुति दोनों अपनी-अपनी जीत का दावा कर रहे हैं। इस बीच कांग्रेस नेता राहुल गांधी (Rahul Gandhi) ने सोमवार को बड़ा बयान दिया है। राहुल गांधी का कहना है कि महंगाई, गरीबों को न्याय, बेरोजगारी, महिलाएं और किसानों की समस्याएं 20 नवंबर को होने वाले महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव में मुख्य मुद्दे साबित होंगी। राहुल गांधी ने चुनाव प्रचार के अंतिम दिन पत्रकारों से बात करते हुए कहा कि बुधवार को मतदाताओं के मन में जनता की समस्याएं और उनके टूटे हुए सपने हावी...

  • शिंदे सीएम पद के दावेदार नहीं

    मुंबई। महाराष्ट्र के भावी मुख्यमंत्री के मामले में भाजपा नेता और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के बयान के बाद अब मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे का बयान आया है। शिंदे ने अपने को मुख्यमंत्री पद की रेस से अलग बताया है। उन्होंने कहा है कि चुनाव के बाद सीएम महायुति का ही होगा लेकिन वे दावेदार नहीं हैं। गौरतलब है कि पिछले दिनों अमित शाह ने कहा था कि एकनाथ शिंदे अभी मुख्यमंत्री हैं लेकिन चुनाव के बाद महायुति की सरकार बनी तो मुख्यमंत्री का फैसला उस समय होगा। उन्होंने साफ कर दिया था कि शिंदे सीएम पद का चेहरा नहीं...

  • हरियाणा ने सोखी दिलचस्पी!

    INDIA alliance: भूपिंदर सिंह हुड्डा, राहुल गांधी, सैलजा आदि को पता नहीं होगा कि उनके कारण देश की राजनीति में कैसा सूखा बना है। हरियाणा से पूरे देश में सियासी दिलचस्पी खत्म है। नरेंद्र मोदी फिर अजेय बने हैं। तभी झारखंड, महाराष्ट्र में क्या होगा, इसे ले कर कौतुक लगभग नहीं है। ‘इंडिया’ गठबंधन के विकल्प की संभावना पैंदे पर है। ऐसे ही राहुल गांधी की इमेज का मामला है। लोगों में हताशा, निराशा ही नहीं, बल्कि नियति की सोच में मोहभंग है। हरियाणा में कांग्रेस ने, विपक्षी नेताओं-पार्टियों, भाजपा विरोधी वोटों, जाट-दलित, मुसलमान और विरोधी सोशल मीडिया सभी ने...

  • योगी के नारे का महाराष्ट्र में तेज हुआ विरोध

    मुंबई। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नारे ‘बंटेंगे तो कटेंगे’ का महाराष्ट्र में विरोध तेज हो गया है। भाजपा की सहयोगी पार्टियों के साथ साथ भाजपा के नेताओं ने भी इसका विरोध शुरू कर दिया है। पहले एनसीपी के नेता और राज्य के उप मुख्यमंत्री अजित पवार ने इसका विरोध किया था और कहा था कि यह नारा उत्तर प्रदेश और झारखंड में चलता होगा लेकिन महाराष्ट्र में नहीं चलेगा। इसके बाद भाजपा की एमएलसी और पूर्व मंत्री पंकजा मुंडे ने इसका विरोध किया और अब राज्यसभा सांसद और पूर्व मुख्यमंत्री अशोक चव्हाण ने इसका विरोध किया है।...

  • इंडिया को सीट बंटवारे में देरी से नुकसान

    कांग्रेस पार्टी कभी पहले की गलतियों से सबक नहीं ले सकती है और न सफलता के लिए आजमाए गए फॉर्मूले को आगे आजमाती है। लोकसभा चुनाव में कांग्रेस विपक्षी पार्टियों के साथ मिल कर लड़ी और खुद ज्यादा सीटों पर लड़ने की जिद नहीं की तो उसको फायदा हुआ। लेकिन फिर विधानसभा चुनाव आते ही वह उस फॉर्मूले को भूल गई और ज्यादा सीट लड़ने की जिद करने लगी। इस जिद में झारखंड का मामला उलझ गया। हालांकि अंत में गठबंधन की सभी पार्टियों के बीच फॉर्मूला निकला है और बची हुई सीटों पर भी बातचीत हो जाएगी लेकिन पहले...

  • जरांगे पाटिल, अंबेडकर, शेट्टी किसका खेल बिगाड़ेंगे?

    भारतीय जनता पार्टी आजकल अपने उम्मीदवारों की तरह ही दूसरी कई पार्टियों के और कई निर्दलीय उम्मीदवारों को चुनाव लड़ाती है। हरियाणा के बारे में कहा जा रहा था कि भाजपा के तो अपने 89 उम्मीदवार थे लेकिन वह 120 उम्मीदवारों को चुनाव लड़ा रही थी। इसी का नतीजा बताया जा रहा है कि कांग्रेस के अनेक बागियों को इतना वोट मिला कि उन्होंने कांग्रेस को हरा दिया। इसी तरह का खेल लगता है कि महाराष्ट्र में भी होने वाला है। महाराष्ट्र में अलग सामाजिक समूहों का प्रतिनिधित्व करने वाले नेता चुनाव लड़ने की तैयारी कर रहे हैं। सबने अपने...

  • चुनाव, उपचुनावों का ऐलान

    नई दिल्ली। चार राज्यों के चुनाव एक साथ नहीं करा पाने के लिए आलोचना के घेरे में आए चुनाव आयोग ने दम दिखाया है। आयोग ने महाराष्ट्र और झारखंड के विधानसभा चुनाव का ऐलान किया है तो कहा है कि महाराष्ट्र की सभी 288 सीटों पर एक चरण में ही मतदान होगी। झारखंड में भी कई चरणों की बजाय आयोग ने सभी 81 सीटों पर दो चरण में ही मतदान कराने का फैसला किया है। 48 विधानसभा और दो लोकसभा सीटों पर उपचुनाव की तारीखों का भी ऐलान किया है। महाराष्ट्र में एक चरण में 20 नवंबर को और झारखंड...

  • उपचुनाव भी दो चरणों में होंगे

    नई दिल्ली। चुनाव आयोग ने महाराष्ट्र और झारखंड विधानसभा के चुनावों की घोषणा के साथ साथ 14 राज्यों की 48 विधानसभा और दो लोकसभा सीटों पर उपचुनाव की तारीखों का भी ऐलान किया है। ये उपचुनाव भी दो चरणों में होंगे। पहले चरण में 13 नवंबर को केरल की वायनाड लोकसभा सीट के साथ 13 राज्यों की 47 विधानसभा सीटों पर मतदान होगा। वहीं, दूसरे चरण में महाराष्ट्र की नांदेड़ लोकसभा सीट और उत्तराखंड की केदारनाथ विधानसभा सीट पर 20 नवंबर को वोटिंग होगी। सभी के नतीजे 23 नवंबर को आएंगे। उपचुनाव में सबसे ज्यादा नौ विधानसभा सीटें उत्तर प्रदेश...

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