बंगाल में भाजपा का अलग राज्य!

पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव नहीं जीत पाने का भाजपा को ऐसा मलाल हुआ है कि वह राज्य के अंदर एक अलग अपना राज्य बना रही है। हार को सीधे सीधे स्वीकार करने की बजाय भाजपा पहले दिन से ममता बनर्जी सरकार और तृणमूल कांग्रेस पार्टी के साथ ऐसा टकराव बना रही है, जिससे अगले… Continue reading बंगाल में भाजपा का अलग राज्य!

हिंसा का कौन दोषी?

ये बात बार-बार उचित ही दोहराई जाती है कि लोकतंत्र में हिंसा का कोई स्थान नहीं है। दरअसल, किसी सामाजिक या राजनीतिक व्यवस्था में हिंसा के लिए जगह नहीं होनी चाहिए। मतभेद कितने सद्भावपूर्ण ढंग से निपटाए जाते हैं, दरअसल, यही किसी समाज की सभ्यता को मापने की कसौटी होनी चाहिए। बहरहाल, यह आदर्श स्थिति… Continue reading हिंसा का कौन दोषी?

ध्रुवीकरण रोकने का केजरीवाल का प्रयास

दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की सबसे बड़ी चिंता मतदान के दिन तक संभावित ध्रुवीकरण को रोकने की है। दिल्ली में भाजपा के नेताओं के बयानों से और शाहीन बाग के प्रदर्शन से माहौल सांप्रदायिक ध्रुवीकरण वाला बन रहा है।

धरना सेकुलर तो विरोध से ध्रुवीकरण कैसे?

शाहीन बाग़ के धरने से हिन्दू विरोधी सेकुलर जमात बहुत गदगद थी। इस जमात का वह सपना भी पूरा हो गया था कि शाहीन बाग जैसे धरने देश के हर शहर में हो| अब मुम्बई, लखनऊ, भोपाल, जयपुर आदि जगहों पर भी धरने शुरू हो गए हैं| शाहीन बाग़ धरने के आयोजक शरजिल इमाम गिरफ्तारी… Continue reading धरना सेकुलर तो विरोध से ध्रुवीकरण कैसे?

ध्रुवीकरण के खेल में एक दूसरे का पर्दाफाश कर रहे विपक्षी दल : भाजपा

नई दिल्ली। संशोधित नागरिकता कानून के खिलाफ विपक्षी दलों की बैठक में ममता बनर्जी के शामिल नहीं होने की घोषणा के बाद भाजपा ने शुक्रवार को कहा कि सीएए पर देश का माहौल खराब करने के बाद अब विपक्षी दल ध्रुवीकरण के खेल में एक दूसरे से प्रतिस्पर्धा में लगे हुए हैं और आपस में… Continue reading ध्रुवीकरण के खेल में एक दूसरे का पर्दाफाश कर रहे विपक्षी दल : भाजपा

नागरिक क़ानून से हो रहा ध्रुवीकरण

झारखंड विधानसभा के चुनाव नतीजों को नागरिकता संशोधन क़ानून पर जनमत संग्रह नहीं माना जाना चाहिए| भारतीय जनता पार्टी जीते तो भी नहीं और हारेतो भी नहीं। क्योंकि झारखंड नागरिकता संशोधन क़ानून के असर वाले दायरे में नहीं आता। वैसे भी मोदी-शाह भले ही इस गलतफहमीं में हों कि उनकी राष्ट्रवादी नीतियों का राज्य विधानसभा चुनावों पर असर होता है , पर यह सच नही है।